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Livestock Census 21: देश में हो रही है पशुओं की गिनती, जानें पहले किसकी-कितनी संख्या थी, पढ़ें डिटेल

गर्मियों में पशु बहुत जल्द बीमार होते हैं. अगर ठीक से इनकी देखरेख कर ली जाए तो हम पशुओं को बीमार होने से बचा सकते हैं.
प्रतीकात्मक फोटो.

नई दिल्ली. देश में एक बार फिर से पशुओं गितनी शुरू हो गई है. इससे पहले साल 2019 में गिनती गई थी. तब पशुधन की कुल आबादी 536.76 करोड़ दर्ज की गई थी, जो पशुधन जनगणना, 2012 की तुलना में 4.8 फीसदी की ग्रोथ को बताती है. साल 2019 की गिनती के मुताबिक ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में कुल पशुधन आबादी की बात की जाए तो गांवों में 514.11 करोड़ और शहर में 22.65 करोड़ है, जिसमें ग्रामीण क्षेत्रों में 95.78 फीसद और शहरी क्षेत्रों में 4.22 फीसदी का प्रतिशत हिस्सा है. ग्रामीण क्षेत्रों में कुल पशुधन आबादी में 4.56 परसेंट की ग्रोथ हुई है और शहरी क्षेत्रों में यह ग्रोथ 11.19 फीसदी है. इससे पता चलता है कि शहरी इलाके में भी लोग पशुपालन के प्रति दिलचस्पी दिखा रहे हैं.

पिछली पशु गिनती की तुलना में कुल स्वदेशी मवेशियों की आबादी में 6 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है. हालांकि, 2012-2019 के दौरान स्वदेशी मवेशियों की आबादी में गिरावट की गति 2007-12 की तुलना में बहुत कम है जो लगभग 9 फीसदी थी. वहीं साल 2019 में कुल गोजातीय आबादी (मवेशी, भैंस, मिथुन और याक) 303.76 करोड़ है, जो पिछली पशुधन जनगणना की तुलना में 1.3 फीसदी की ग्रोथ बताती है.

जानें किस पशु की है​ कितनी संख्या
2019 में देश में मवेशियों की कुल संख्या 193.46 करोड़ है, जो पिछली पशु गिनती की तुलना में 1.3 फीसदी की ग्रोथ दर्शाती है.

देश में भैंसों की कुल संख्या 109.85 करोड़ है, जो पिछली पशुधन जनगणना की तुलना में लगभग 1.1 परसेंट ज्यादा है.

गायों और भैंसों में दुधारू पशुओं (दूध न देने वाले और सूखे) की कुल संख्या 125.75 करोड़ है, जो पिछली पशुधन जनगणना के मुकाबले में 6.0 फीसदी ज्यादा है.

2019 में देश में बकरियों की आबादी 148.88 करोड़ है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 10.1 फीसद की वृद्धि दर्शाती है.

2019 में देश में भेड़ों की कुल संख्या 74.26 करोड़ है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 14.1 फीसदी अधिक है

वर्तमान जनगणना में देश में सूअरों की कुल संख्या 9.06 करोड़ है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 12.03 फीसद कम है.

देश में घोड़ों और टट्टुओं की कुल संख्या 2019 में 3.4 लाख है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 45.2 फीसदी कम है

देश में खच्चरों की कुल आबादी 2019 में 10000 है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 57.1 फीसद कम है.

देश में गधों की कुल आबादी 2019 में 1.2 लाख है, जो पिछली जनगणना की तुलना में 61.2 फीसदी कम है.

देश में ऊंटों की कुल आबादी 2019 में 2.5 लाख है, जो पिछली पशु गणना की तुलना में 37.1 फीसद कम है.

देश में कुल मुर्गीपालन 2019 में 851.81 करोड़ है, जो पिछली गितनी की तुलना में 16.8 फीसद अधिक है.

देश में कुल बैकयार्ड पोल्ट्री 2019 में 317.07 करोड़ है, जो पिछली गिनती की तुलना में 45.8 फीसद ज्यादा है.

देश में कुल कामर्शियल पोल्ट्री 2019 में 534.74 करोड़ है, जो पिछली ​काउंटिंग की तुलना में 4.5 फीसदी अधिक है.

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