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Cow News: देसी गोवंश के दूध के अलावा इन चीजों से भी होती है कमाई

मध्य प्रदेश के एक गौशाला में चारा खाती गायें.

नई दिल्ली. दूध के अलावा स्वदेशी गोवंश से अतिरिक्त इनकम कमाई जा सकती है. ये कहना है कुक्कुट आहार नोडल अधिकारी नंद बाबा दुग्ध मिशन निदेशालय, पशुपालन विभाग उत्तर प्रदेश के संयुक्त निदेशक डॉ. केशव कुमार का. उन्होंन कहा कि गोमूत्र संग्रहण और औषधीय उपयोग के बारे में भी पशुपालकों को जानना चाहिए. ​यदि शेड का निर्माण इस तरह किया जाए कि गोमूत्र आसानी से एकत्र हो सके, तो यह नियमित आय का बड़ा साधन बन सकता है. क्योंकि ​आयुर्वेद में गोमूत्र और उससे निर्मित औषधियों की मांग तेजी से बढ़ रही है, विशेष रूप से कैंसर जैसे गंभीर रोगों के उपचार में इसके प्रभावी परिणाम देखे गए हैं.

उन्होंने आगे कहा कि इतना ही नहीं बायोगैस व सीबीजी (Compressed Bio Gas) प्लांट बनाए जा सकते हैं. ​गोबर के उपयोग से 5 पशुओं से लेकर हजारों पशुओं तक की क्षमता वाले विभिन्न मॉडलों के बायोगैस प्लांट लगाए जा सकते हैं.

कमाई का क्या-क्या है तरीका
▶️ ​इससे उत्पन्न गैस का उपयोग घरेलू रसोई, कम्युनिटी किचन और मिल्क प्रोसेसिंग (दूध प्रसंस्करण) के लिए ऊर्जा के रूप में किया जा सकता है.

▶️ जिससे एलपीजी सिलेंडर के खर्च में भारी बचत होती है. बहुत से किसान इस काम को कर रहे हैं और पशुपालन से रसोई के लिए ईंधन भी उन्हें मिल रहा है.

▶️ जैविक खाद (बायो-स्लरी एवं वर्मी कंपोस्ट) से भी कमाई की जा सकती है. ​लिक्विड बायो-फर्टिलाइजर, बायोगैस प्लांट से निकलने वाली स्लरी सीधे लिक्विड खाद के रूप में सिंचाई जल के साथ खेतों में डाली जा सकती है.

▶️ यह मिट्टी में घटते जैविक कार्बन (Carbon Content) को बढ़ाती है और इसे आसपास के किसानों को बेचकर भी आय अर्जित की जा सकती है.

▶️ ​वर्मी कंपोस्ट (केंचुआ खाद) ठोस गोबर से उच्च गुणवत्ता वाली केंचुआ खाद बनाई जा सकती है, जिसकी बाजार में बहुत मांग है.

▶️ गोबर आधारित हस्तशिल्प और मूल्यवर्धित उत्पाद बनाकर भी कमाई होती है.

▶️ ​देसी गाय के गोबर से पर्यावरण-अनुकूल दीये, मूर्तियां और त्योहारों के लिए राखियां बनाई जा सकती हैं.

​▶️ इसके अतिरिक्त गोबर से औषधीय दंत मंजन भी तैयार किया जाता है, जो दांतों के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है.

निष्कर्ष
जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में आपको कम लागत में अच्छी आमदनी का साधन बनता है. कुक्कुट आहार नोडल अधिकारी नंद बाबा दुग्ध मिशन निदेशालय, पशुपालन विभाग उत्तर प्रदेश संयुक्त निदेशक डॉ. केशव कुमार के मुताबिक पशुपालन खासकर गाय पालन से कमाई के कई जरिए हैं. गोपालकों को इस ओर भी ध्यान देना चाहिए. ताकि उनकी इनकम बढ़े. उन्होंने बताया कि सरकार जागरुक करने का काम कर रही है.

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