Home डेयरी Dairy News: किफायती लेकिन गुणवत्ता से भरपूर पशु आहार से ही डेयरी फार्मिंग में हो सकता है फायदा
डेयरी

Dairy News: किफायती लेकिन गुणवत्ता से भरपूर पशु आहार से ही डेयरी फार्मिंग में हो सकता है फायदा

चारे की फसल उगाने का एक खास समय होता है, जोकि अलग-अलग चारे के लिए अलग-अलग है.
प्रतीकात्मक फोटो

नई दिल्ली. डेयरी फार्मिंग के बिजनेस में पशु बेहतर उत्पादन करे, इसके लिए ये बेहद ही जरूरी है कि पशुओं को पोषण युक्त आहार दिया जाए. जिससे उनकी जरूरत पूरी हो और पशु अच्छे उत्पादन से पशुपालक की कमाई करा सकें. इसी क्रम में लुधियाना स्थित गुरु अंगद देव वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी के ‘डायरेक्टरेट ऑफ एक्सटेंशन एजुकेशन’ ने फीड मिलर्स के लिए “डेयरी पशु पोषण में प्रगति” (Advances in Dairy Animal Nutrition) विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया इस कार्यक्रम में हरियाणा के तीन प्रतिभागियों सहित कुल 17 लोगों ने हिस्सा लिया. जिन्हें पशु चारे से जुड़ी हुई अहम जानकारियां दी गईं.

विश्वविद्यालय के कुलपति (वाइस-चांसलर) डॉ. जेपीएस गिल ने डेयरी उत्पादकता और आर्थिक स्थिरता को बेहतर बनाने के लिए वैज्ञानिक ज्ञान और नवीन पोषण तकनीकों को लोगों तक पहुँचाने की विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता पर जोर दिया तो वहीं ‘डायरेक्टरेट ऑफ एक्सटेंशन एजुकेशन’ के निदेशक डॉ. आरएस ग्रेवाल ने वैज्ञानिक तरीके से पशु आहार तैयार करने (feed formulation), गुणवत्ता सुनिश्चित करने और टिकाऊ डेयरी पालन पर जोर दिया.

फीड की चुनौतियों भी बात हुई
कॉलेज ऑफ एनिमल बायोटेक्नोलॉजी के डीन डॉ. आरएस सेठी ने कहा कि पशुधन क्षेत्र में स्टार्टअप्स, नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने की जरूरत है.

तकनीकी सत्र में, पशु पोषण विभाग के विशेषज्ञों में डॉ. जैस्मिन कौर ने ‘टिकाऊ डेयरी उत्पादन के लिए संतुलित खनिज पोषण’ की बात कही.

डॉ. अमित शर्मा ने कहा कि ‘पशु आहार को किफायती बनाने के लिए गैर-पारंपरिक सामग्रियों के उपयोग की जरूरत है.

साथ ही डेयरी पशुओं के लिए आहार की गुणवत्ता के मानकों, सामग्रियों और उनकी टेस्टिंग करना भी आना चाहिए. डेयरी किसानों को इसके बारे में बताया भी गया.

एक्सपर्ट ने चर्चा के दौरान पशु आहार की गुणवत्ता, किफायती आहार तैयार करने के तरीकों और फीड उद्योग के सामने आने वाली व्यावहारिक चुनौतियों पर बात की.

इस सेमिनार का समन्वय ‘वेटरनरी एंड एनिमल हसबेंडरी एक्सटेंशन एजुकेशन’ विभाग के प्रमुख डॉ. जसविंदर सिंह और डॉ. रविदीप सिंह ने ‘ऑर्गेनाइजिंग सेक्रेटरी’ के रूप में किया.

सेमिनार का समापन इस आह्वान के साथ हुआ कि गुणवत्तापूर्ण पशु आहार, किफायती आहार रणनीतियां अपनाना जरूरी है.

साथ ही टिकाऊ डेयरी उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए पोषण विशेषज्ञों और फीड मिलर्स के बीच आपसी सहयोग को और मजबूत किया जाना चाहिए.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Leave a comment

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Related Articles

डेयरी

Dairy: एनडीडीबी का रेशन बैलेंसिंग प्रोग्राम मीथेन उत्सर्जन घटाता है, चारे की लागत भी करता है कम

नई दिल्ली. देश में डेयरी सेक्टर ग्रोथ कर रहा है. दूध उत्पादन...

डेयरीसरकारी स्की‍म

Dairy: बिहार में महिलाओं को बनाया जा रहा है आत्मनिर्भर, दोहरी कमाई का मिल रहा मौका

नई दिल्ली. बिहार सरकार पशुपालन और डेयरी सेक्टर से किसानों को जोड़कर...

डेयरी

NDDB News: भारत में जापान की मदद से कंप्रेस्ड बायोगैस के बुनियादी ढांचे का किया जाएगा विस्तार

नई दिल्ली. राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) के चेयरमैन डॉ. मीनेश शाह...