Home पोल्ट्री Egg Production: ज्यादा अंडा उत्पादन के लिए मुर्गियों को दें भरपूर रोशनी, पानी का भी रखें ख्याल
पोल्ट्री

Egg Production: ज्यादा अंडा उत्पादन के लिए मुर्गियों को दें भरपूर रोशनी, पानी का भी रखें ख्याल

Backyard poultry farm: know which chicken is reared in this farm, livestockanimalnews
पोल्ट्री फॉर्म में मौजूद मुर्गे—मर्गियां. live stock animal news

नई दिल्ली. पोल्ट्री फार्मिंग में अगर आप अंडा उत्पादन के लिए लेयर मुर्गियों पालते हैं तो हमेशा ही ये सोच रहती है कि मुर्गियां ज्यादा से ज्यादा अंडों का उत्पादन करें. क्योंकि बिना ​बेहतर उत्पादन अच्छा मुनाफा नहीं कमाया जा सकता है. इसलिए अंडा उत्पादन करने वाली मुर्गियों की तमाम जरूरतों को पूरा करना चाहिए. सही मैनेजमेंट पर ध्यान देना चाहिए. जिससे मुर्गियों को अंडा उत्पादन करने के लिए आडियल माहौल मिले और वो आपको ज्यादा से ज्यादा अंडों का उत्पादन करके कमाई का मौका दें. उन्हीं कुछ तरीकों के बारे में हम इस रिपोर्ट में बात करेंगे.

​अंडा देने वाली लेयर मुर्गियों के लिए प्रतिदिन लगभग 14 से 16 घंटे रोशनी की आवश्यकता होती है. ​सर्दियों में प्राकृतिक दिन छोटा होता है, इसलिए शाम होते ही शेड में लाइट जला देनी चाहिए ताकि 14-16 घंटे का प्रकाश चक्र पूरा हो सके. ​सही रोशनी मिलने से मुर्गियाँ समय पर अंडे देती हैं, अंडों की गुणवत्ता बेहतर होती है और उत्पादन बढ़ जाता है.

आहार में कैल्शियम और प्रोटीन का संतुलन
यदि आहार में कैल्शियम कम होगा, तो मुर्गियां पतले व कच्चे छिलके (Thin/Soft Shell) वाले अंडे देंगी.

या अंडे देना बंद कर देंगी. इसके लिए नियमित अंतराल पर पीने के पानी में लिक्विड कैल्शियम टॉनिक देते रहें.

ज्यादा अंडों के उत्पादन के लिए मुर्गियों के दाने में अच्छी मात्रा में सोयाबीन मील या सूखी मछली का चूरा (Fish Meal) शामिल करें.

​एक अंडे के कुल घटक में लगभग 70 फीसद पानी होता है. यदि मुर्गियों को पानी की कमी होगी, तो अंडा उत्पादन तुरंत गिर जाएगा.

​गर्मियों में मुर्गियों को ठंडा या ताजा पानी और सर्दियों में हल्का गुनगुना पानी दें.

​पानी के बर्तनों की प्रतिदिन सफाई करें. गंदे पानी से पाचन तंत्र खराब होता है.

इससे मुर्गियां बीमार होकर अंडे देना बंद कर देती हैं.

पेट में कीड़े होने पर मुर्गियों का सारा पोषण कीड़े खा जाते हैं, जिससे मुर्गियाँ कमजोर हो जाती हैं.

पशु चिकित्सक की सलाह से नियमित रूप से डीवॉर्मिंग कराएं.

शेड की क्षमता से अधिक मुर्गियां न रखें जैसे 200 मुर्गियों की क्षमता वाले शेड में 200 से अधिक न रखें.

फार्म में कुत्ता, बिल्ली या अन्य परभक्षी जानवरों का प्रवेश या उनकी आवाज नहीं आनी चाहिए.

क्योंकि डर और तनाव के कारण मुर्गियां तुरंत अंडा देना रोक देती हैं.

​मुर्गियां शांत और सुरक्षित जगह पर ही अंडे देना पसंद करती हैं.

​उचित व्यवस्था न होने पर वे खुले में इधर-उधर अंडे देती हैं, जिससे अंडे फूट जाते हैं या तनाव में आकर मुर्गियाँ अंडे देना कम कर देती हैं.

​शेड के एक शांत कोने में लकड़ी या गत्ते के बक्से (Nesting Box) रखें.

उसमें धान की भूसी या सूखी पराली की गद्दी (बिछावन) बना दें.

जिससे वे सुरक्षित महसूस कर लगातार अंडे देती रहें.

निष्कर्ष
इस तरह से मुर्गियों का ध्यान रखेंगे तो मुर्गियां ज्यादा से ज्यादा अंडों का उत्पादन करेंगी और आपको खूब कमाई का मौका मिलेगा.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Leave a comment

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Related Articles

पोल्ट्री

Poultry Farming Tips: मुर्गी पालन नहीं करना चाहते हैं तो पालें बत्तख, इसमें है तगड़ा मुनाफा

नई दिल्ली. पोल्ट्री फार्मिंग में मुर्गी पालन के अलावा बत्तख पालन भी...

पोल्ट्री

Poultry News: बैकयार्ड पोल्ट्री फार्मिंग में साइंटिफिक तरीकों को अपनाने से मिलता है बेहतर उत्पादन

नई दिल्ली. पोल्ट्री फार्मिंग में बैकयार्ड पोल्ट्री फार्मिंग (Poultry Farming) कम बजट...

Vaccination reduces the use of antibiotics, hence reduce the AMR.
पोल्ट्री

Poultry: मुर्गियों को ट्रांसपोर्ट के लिए लोड करने से सबसे ज्यादा तनाव का सामना करना पड़ता है

नई दिल्ली. मुर्गियों को पकड़ने, लोड करने और ट्रांसपोर्ट के दौरान होने...

poultry farming
पोल्ट्री

Poultry: 4 मुर्गियों से शुरू करनें पोल्ट्री फार्मिंग, आगे चलकर खूब होगा मुनाफा

नई दिल्ली. क्या आप जानते हैं कि सिर्फ 4 देसी मुर्गियों से...