नई दिल्ली. अगर आप बकरी पालन करते हैं तो इस बात को जानते ही होंगे कि बकरी पालन में सबसे ज्यादा फायदा बकरी के बच्चों से होता है. क्योंकि बकरी सालभर में दो से तीन बच्चों को जन्म देती है. हालांकि बकरी के बच्चों की वजह से नुकसान भी होता है. क्योंकि बकरी के बच्चों में मृत्युदर बहुत ज्यादा होती है. एक्सपर्ट का कहना है कि ऐसा तब होता है जब बकरी पालक लापरवाही करते हैं. बकरी के बच्चों की देखभाल बहुत ही बारीकी से और अच्छे ढंग से करना चाहिए. अगर ऐसा न किया जाए तो फिर नुकसान होना तय है.
इसलिए बकरी के बच्चों का ध्यान किस तरह से रखना है, इसकी जानकारी एक बकरी पालक को जरूर होना चाहिए. तभी बकरी पालन में आप मुनाफा कमा पाएंगे. नहीं तो सिर्फ और सिर्फ नुकसान ही हाथ आएगा.
बकरी के बच्चों का रोजमर्रा का रूटीन
स्वस्थ बच्चा खुशहाल बकरी पालन पालना चाहते हैं तो सही देखभाल, सही खान-पान पर ध्यान दें. तभी उनका अच्छा विकास होगा और ज्यादा मुनाफा मिलेगा.
दैनिक रूटीन और समय के अनुसारसुबह 6:00 बजे दूध पिलाएं.
जन्म के पहले 3 दिन में कोलोस्ट्रम पहला दूध जरूर पिलाएं.
3 दिन बाद दिन में 2-3 बार सही मात्रा में दूध दें.
1 हफ्ते के बाद हल्का दाना और मुलायम हरा चारा देना शुरू करें.
सुबह 8:00 बजे हल्का दाना और हरा चारा दें. फिर धीरे-धीरे मात्रा बढ़ाएं.
खास ध्यान रखें कि समय पर टीकाकरण कराएं.
कृमिनाशक दवा हर 2-3 महीने में दें.
अचानक आहार में बदलाव न करें.
बीमार बच्चे को अलग रखें.
सुबह 11:00 बजे साफ पानी पिालएं. हमेशा साफ और ताजा पानी उपलब्ध रखें.
हमेशा प्यार और देखभाल दें.
स्वच्छता और स्वास्थ्य की जांच बेहद ही जरूरी है.
रोजाना शरीर, आंख, कान और मल की जांच करें.
कोई भी बीमारी के लक्षण दिखें तो तुरंत इलाज करें.
शाम 4:00 बजे खुला घूमने दें और व्यायाम कराएं.
हल्की धूप और खुली हवा में 1-2 घंटे घूमने दें.
इससे हड़ियों मजबूत और इम्युनिटी बेहतर होती है.
शाम 6:00 बजे दाना और मिनरल मिक्स्चर दें.
रात 8:00 बजे शाम को पौष्टिक दाना और मिनरल मिक्सचर दें.
इससे ग्रोथ बढ़ती है और हड़ियों की मजबूत होती हैं.
साफ और सुरक्षित बाड़ा रखें. बाड़े की सफाई करें और सूखा बिछावन बिछाएं.
निष्कर्ष
यहां बताए गए तरीके एक्सपर्ट ने सुझाए हैं. यदि इस तरह से बकरी के बच्चों का ध्यान रखेंगे तो फिर नुकसान से बच जाएंगे. बकरी के बच्चे की ग्रोथ अच्छी होगी और मुनाफा आगे चलकर बढ़ जाएगा.










