Home पशुपालन Goat Farming: बकरीद के लिए खास तरीके से तैयार किए जाते हैं बकरे, जानवरों का मिलता सबसे अच्छा दाम
पशुपालन

Goat Farming: बकरीद के लिए खास तरीके से तैयार किए जाते हैं बकरे, जानवरों का मिलता सबसे अच्छा दाम

तोतापरी की बकरी के पालन में बहुत ही कम लागत आती है. तोतापुरी या तोतापरी बकरी कम लागत में पालकर मोटी कमाई की जा सकती है.
प्रतीकात्मक फोटो

नई दिल्ली. मुसलमानों का पाक त्योहार ईद-उल-अजहा यानि बकरीद का इंतजार बकरी व्यापारियों को सालभर रहता है. क्योंकि ये एक ऐसा मौका होता है जब व्यापारियों को उनके जानवरों का मुंह मांगा दाम मिल जाता है. अगर बकरे मोटे-ताजे है और देखने में खूबसूरत नजर आते हैं तो फिर बकरी व्यापारी अपने हिसाब से उसका दाम लगाते हैं और कुर्बानी के लिए जानवर की तलाश में आने वाले ग्राहक उन्हें वैसा दाम भी देते हैं. इसलिए बहुत से बकरी पालक बकरीद को ध्यान रखकर बकरी पालन करते हैं, ताकि उन्हें इंवेस्ट का अच्छा रिर्टन मिल सके.

गौरतलब है कि बकरीद के मौके पर जानवर खरीदने के लिए मंडियों में आने वाले तमाम ग्राहक सबसे पहले तो बकरे की सेहत और खूबसूरती पर ध्यान देते हैं. क्योंकि वो अच्छे से अच्छा जानवर अल्लाह की राह में कुर्बान करना चाहते हैं. इसलिए उनकी ये मंशा होती है कि वो अच्छा जानवर ले जाएं ताकि उन्हें सवाब यानि पुण्य ज्यादा मिले. इस बात को व्यापारी भी जानते हैं, इसलिए वो बकरे को खिला-पिलाकर अच्छे से तैयार करते हैं.

बकरों को क्या खिलाया जाता है
बकरीद के लिए बकरी पालक बकरों को मक्का, गेहूं, चना और मिनरल मिक्सचर खिलाते हैं और इसके कई फायदे हैं.

मक्का, गेहूं और चना बकरियों को ऊर्जा और प्रोटीन देता है. जबकि मिनरल मिक्सचर जरूरी खनिजों की पूर्ति करता है. इससे बकरे मजबूत हो जाते हैं.

ये संतुलित आहार बकरों को स्वस्थ रखता है और उनकी ग्रोथ और उत्पादन में सुधार करता है. जबकि उन्हें बीमारियों से भी बचाता है.

मक्का, गेहूं और चना खिलाने के फायदों की वजह से बकरों की सेहत अच्छी हो जाती है और उसका अच्छा दाम बकरी पालकों को मिलता है.

एक्सपर्ट कहते हैं कि बकरों का दाम अक्सर उनके वजन केे हिसाब से लगता है. जितना ज्यादा वजन, उतना ज्यादा मुनाफा.

ऐसे भी बकरी पालन एक बेहतरीन काम है जो बेहद ही कम लागत में कहीं भी आसानी के साथ किया जा सकता है.

इसलिए बहुत से छोटे व्यापारी घर के आंगन में और घर की छत पर भी बकरी पालन करते हैं. बकरी साल भर में दो बच्चों को जन्म देती है.

इससे आपको अच्छी कमाई होती है. जबकि बकरीद के वक्त पर बकरे बेचने से उनकी कमाई गई गुना बढ़ जाती है.

निष्कर्ष
वहीं एक्सपर्ट कहते हैं कि अगर आप बकरी के बच्चों का अच्छी तरह से ख्याल रखते हैं तो बकरीद के मौके पर आपको अच्छी कमाई हो सकती है. क्योंकि बकरीद जैसे त्योहार के मौके पर उनकी अच्छी खासी डिमांड रहती है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

गोवंश के गोबर से संरक्षण केंद्र में बड़ा प्लांट संचालित होता है, जिससे जनरेटर के माध्यम से बिजली बनाई जाती है.
पशुपालन

Cow: यूपी की साढ़े सात हजार से अधिक गोशालाओं में कृषि सखियों की तैनाती होगी, गो सरंक्षण भी, रोजगार भी

नई दिल्ली. उत्तर प्रदेश में गो संरक्षण को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ...

CIRB will double the meat production in buffaloes, know what is the research on which work is going on. livestockanimalnews animal Husbandry
पशुपालन

Animal News: हाल ही में आए तूफान में एक दुधारू पशु की मौत पर 37 हजार रुपए की मदद देगी सरकार

नई दिल्ली. उत्तर प्रदेश में आंधी, अतिवृष्टि और आकाशीय बिजली से हुई...

कीड़े बकरे के पेट में हो जाएं तो उसकी ग्रोथ रुकना तय है.
पशुपालन

Goat: सांस लेने में तकलीफ है, बकरी कुछ खा नहीं रही है तो उसे है अफरा

नई दिल्ली. बकरी पालन करने वाले पशुपालक इससे अच्छी कमाई कर लेते...