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Dairy Animal Fodder: डेयरी पशुओं के लिए इस तरह करें प्रोटीन देने वाली इस चारा फसल की बुवाई

कोंगो सिग्नल घास

नई दिल्ली. डेयरी पशुओं के लिए हरे चारे की अहमियत बहुत ज्यादा रहती है. क्योंकि हरे चारे में तमाम पोषक तत्व होते हैं, जिसको खाने के बाद पशु ज्यादा उत्पादन करते हैं. जबकि दूसरी ओर हर एक पशुपालक की यही चाहत होती है कि उनका पशु दूध उत्पादन ज्यादा करे. ऐसे में अगर सालभर हरा चारा न मिले तो फिर पशुपालन में नुकसान हो सकता है. इसी वजह से राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) ने पशुपालकों के लिए कोंगो​ सिग्नल घास के बारे में अहम जानकारी दी है. जिसे यहां लावइ स्टक एनिमल न्यूज (Livestock Animal News) आपके लिए लाया है.

कोंगो सिग्नल घास गर्म-नम जलवायु एवं अधिक वर्षा वाले क्षेत्रो में खेती के लिए उपयुक्त पाई गई है. इसलिए इसे इस तरह के इलाके में बोया जा सकता है.

कोंगो सिग्नल घास में कितना होता है प्रोटीन
कोंगो सिग्नल एक बहुवर्षीय घनी पत्तियों वाली घास है. जिसमें औसतन 9-10 प्रतिशत प्रोटीन होता है.

यह खुले क्षेत्र में एकल फसल के रूप में उगाई जा सकती है और बगीचे में सहफसल की भांति भी उगाई जा सकती है.

यह 50 से 100 सेमी. ऊंचाई तक उगती है और औसतन 30 से 40 कल्ले उत्पन्न करती है.

कृषि के तरीके के बारे में पढ़ें
यह लगभग सभी प्रकार की भूमि पर उगाई जा सकती है लेकिन जलभराव को सहन नहीं कर सकती है.

बुवाई से पहले एक से दो बार जुताई करके, खरपतवार निकाल कर और भूमि को समतल करें.

बुवाई के समय 50 किग्रा. फोस्फोरस और 40 किग्रा. पोटाश के साथ 5 टन प्रति हैक्टेयर गोबर खाद खेत में डालें.

100-150 किग्रा. प्रति हैक्टेयर की दर से दो या तीन भागों में नत्रजन देनी चाहिए.

आमतौर यह फसल मई-जून में वर्षा ऋतु आने पर लगाई जाती है.

बुवाई के लिए बीज और जड़ के टुकड़े दोनों इस्तेमाल किए जा सकते हैं. 2-5 किग्रा. प्रति हैक्टेयर बीज दर निर्धारित की गई है.

बुवाई के लिए अच्छी तरह तैयार क्यारी की आवश्यकता होती है. जड़ के टुकड़ों को 40×20 सेमी. की दूरी पर लगाना चाहिए.

खरपतवार रोकने के लिए शुरुआती वृद्धि के दिनों में खरपतवार नियंत्रण आवश्यक है.

प्रथम कटाई रोपाई के 50 दिन बाद और आगामी कटाई 30-40 दिनों के अंतर पर की जा सकती है.

फसल 50-60 टन प्रति हैक्टेयर हरे चारे की उपज देती है.

Written by
Livestock Animal News Team

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