नई दिल्ली. गुरु अंगद देव वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी, लुधियाना के डॉ. रणधीर सिंह ने एक खास ट्रेनिंग-कम-डेमोस्ट्रेशन प्रोग्राम के दौरान उत्तर प्रदेश के मेरठ में इंडियन आर्मी, मेरठ कैंट के मशहूर RVC सेंटर और कॉलेज में एक स्टेट-ऑफ-द-आर्ट हीमोडायलिसिस फैसिलिटी को सफलतापूर्वक शुरू किया. सब्जेक्ट एक्सपर्ट के तौर पर बुलाए गए डॉ. सिंह ने इंडियन आर्मी वेटरनरी ऑफिसर्स के लिए कुत्तों में रीनल फेलियर मैनेजमेंट और एडवांस्ड हीमोडायलिसिस टेक्नीक पर एक्सपर्ट लेक्चर, लाइव डेमोंस्ट्रेशन और इंटेंसिव हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग दी, जिसके आखिर में डायलिसिस यूनिट पूरी तरह से क्लिनिकल एक्टिवेशन के साथ शुरू हुई.
बताते चलें कि कुत्तों के लिए एडवांस्ड कैनाइन हीमोडायलिसिस एक नई जिंदगी देने वाली तकनीक है. जो किडनी के फेल होने पर आखिरी चरणों में खून से टॉक्सिन्स को बाहर निकालता है. इस प्रोसेस से किडनी को आराम देकर सही किया जा सकता है. इससे इलेक्ट्रोलाइट्स को संतुलित किया जा सकता है. जबकि जानलेवा स्थिति में सुधार कर कुत्ते को नई जिंदगी दी जा सकती है.
दुनिया भर में ऐसी फैसिलिटी सिर्फ 7-8 वेटेरिनरी इंस्टीट्यूशन हैं
बता दें कि डॉ. रणधीर सिंह इस फील्ड में पायनियर रहे हैं, उन्होंने पहले पालमपुर के वेटेरिनरी कॉलेज में एक डायलिसिस फैसिलिटी शुरू की थी.
भारत में वेटेरिनरी हीमोडायलिसिस को मजबूत करने के लिए इंडियन काउंसिल ऑफ एग्रीकल्चरल रिसर्च से एक बड़ा प्रोजेक्ट हासिल किया था.
हाल ही में विदेशी वेटेरिनेरियन को शामिल करते हुए अपनी तरह की पहली इंटरनेशनल डायलिसिस ट्रेनिंग आयोजित की, जिसमें भारत से एक्सपर्टीज का रिवर्स फ्लो दिखाया गया.
डॉ. जे.पी.एस. गिल, वाइस-चांसलर, ने इस अचीवमेंट की तारीफ करते हुए कहा कि यह एडवांस्ड वेटेरिनरी हेल्थकेयर और नेशनल कैपेसिटी बिल्डिंग में हमारे इंस्टीट्यूट की बढ़ती लीडरशिप को दिखाता है.
उन्होंने बताया कि वेटेरिनरी मेडिसिन में हीमोडायलिसिस को आमतौर पर सबसे एडवांस्ड और टेक्निकली डिमांडिंग प्रोसीजर में से एक माना जाता है.
जिसके लिए बहुत स्पेशलाइज्ड इंफ्रास्ट्रक्चर और एक्सपर्टीज की जरूरत होती है. दुनिया भर में, ऐसी फैसिलिटी सिर्फ 7-8 वेटेरिनरी इंस्टीट्यूशन में हैं.
जिससे यह ऑपरेशनलाइजेशन भारत की एडवांस्ड वेटेरिनरी केयर कैपेबिलिटीज को बढ़ाने में एक बड़ी अचीवमेंट है, खासकर आर्म्ड फोर्सेज के सर्विस एनिमल्स के लिए.
डॉ. स्वर्ण सिंह रंधावा, डीन, कॉलेज ऑफ वेटरनरी साइंस, ने इस बात पर जोर दिया कि इस तरह की पहल एकेडमिक एक्सीलेंस को वेटेरिनरी हेल्थकेयर, ट्रेनिंग और इंस्टीट्यूशनल कोलेबोरेशन पर रियल-वर्ल्ड क्लिनिकल असर में बदलती हैं.
क्लिनिक्स के निदेशक डॉ. जे. मोहिंद्रू ने इस बात पर ज़ोर दिया कि इतनी उन्नत और सटीक डायलिसिस सुविधा को शुरू करना, विशेषज्ञता, प्रशिक्षण और नैदानिक दृष्टिकोण के सहज एकीकरण को दर्शाता है.












