Home पशुपालन Goat Farming: ये चारा खिलाएंगे तो बकरी के पेट में नहीं पड़ेंगे कीड़े
पशुपालन

Goat Farming: ये चारा खिलाएंगे तो बकरी के पेट में नहीं पड़ेंगे कीड़े

sojat goat breed
सोजत बकरियों की प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली. बकरियों की अगर सही से देखभाल की जाए तो या बहुत ही फायदा पहुंचती हैं. बकरी पालन से मीट-दूध हासिल करके पशुपालक अच्छी खासी कमाई कर सकते हैं. हालांकि बकरियों की कुछ बीमारियां ऐसी हैं, जो हो जाए तो बकरियों के ऊपर खतरा बढ़ जाता है. यदि उनकी मृत्यु हो जाए तो इससे बकरी पालक को बड़ा नुकसान होता है. बकरी को पेट में कीड़े पड़ने की बीमारी अक्सर ही हो जाती है. एक्सपर्ट कहते हैं कि बकरियों में कीड़ा पड़ने की समस्या उनको परेशान करती है और उनकी ग्रोथ भी रुक जाती है. हालांकि इस बीमारी को बकरी को दिए जाने वाले चारे से ही दूर किया जा सकता है.

दवा का काम करती है पत्तियां
सीआईआरजी की सीनियर साइंटिस्ट नितिका शर्मा कहती है कि बकरियों की खास बात होती है कि वह पत्तियों को खुद डाल से तोड़कर खाना पसंद करती हैं. ऐसा करने में उन्हें एक तरह की खुशी मिलती है. जिससे उनकी सेहत भी बेहतर रहती है. उन्होंने कहा कि बकरियों के लिए पेड़ की पत्तियां सबसे अच्छा चारा होती हैं. साथ ही यह दवाई का भी काम करती है. नीम के खाने से पेट में कीड़े नहीं होते हैं. दूसरा, बरसात में हरे चारे में पानी की बहुत मात्रा होती है. इससे डायरिया होने का खतरा बना रहता है. जबकि पेड़ों में पानी कम होता है, तो डायरिया की संभावना भी न के बराबर हो जाती है.

बकरी की ग्रोथ रुक जाती है
उन्होंने बताया कि अमरूद, नीम और मोरिंगा में टेनिन कंटेंट और प्रोटीन की मात्रा बहुत ज्यादा होती है. अगर वक्त पर हम तीनों पेड़ों की पत्तियां बकरियों को खिलाते हैं तो उनके पेट में कीड़े नहीं पड़ते हैं. क्योंकि यह बीमारी बकरियों को बहुत ज्यादा परेशान करने वाली होती है. पेट में अगर कीड़े होंगे तो उसके चलते बकरा और बकरियों की ग्रोथ रुक जाती है. पशुपालक जितना भी बकरा-बकरी को खिलाएगा वह उनके शरीर में नहीं लगेगा. खासतौर पर जो लोग बकरियों को फॉर्म में पालते हैं और स्टॉल फीड कराते हैं उन्हें इस बात का ख्याल रखना चाहिए.

इन पेड़ों की पत्तियों को खिलाएं
सीआईआरजी के सीनियर साइंटिस्ट डॉ. मोहम्मद आरिफ का कहना है कि बकरी जमीन पर पड़े चारे के मुकाबले में डाल से तोड़कर खाना पसंद करती है. इसमें बकरी को एक खास खुशी महसूस होती है. अगर मैदान में हरा चारा नहीं है तो हम नीम, गूलर अरडू पेड़ों की पत्तियां खिला सकते हैं. अगर स्वाद और पसंद की बात की जाए तो बकरियां इन्हें खूब खाना पसंद करती हैं. सर्दियों में खासतौर पर नीम की पत्तियां खाना पसंद करती हैं.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

अप्रैल महीने में भैंसे हीट में आती हैं और यह मौसम उनके गर्भाधान के लिए सही है. लेकिन इस बार अप्रैल के महीने में गर्मी अधिक है. ऐसे में गर्भाधान में प्रॉब्लम आ सकती है.
पशुपालन

Animal Husbandry Tips: ठंड में पशुओं की ऐसे करें देखभाल, खान-पान के बारे में जानें यहां

नई दिल्ली. ठंड का आगाज हो चुका है. जैसे-जैसे दिसंबर का महीना...

पशुपालन

Animal Husbandry: भारत ग्लोबल बायोगैस हब के तौर पर होगा स्थापित, जानें कैसे होगा ये बड़ा काम

नई दिल्ली. दुनियाभर के तमाम देशों के मुकाबले भारत में सिर्फ 3...

पशुपालन

Animal Husbandry: अब मुर्रा भैंस नस्ल में होगा सुधार, गडवासु के हाथ आया ये खास सांड

नई दिल्ली. पंजाब और उत्तरी भारत में मुर्रा भैंस के जेनेटिक सुधार...