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Fish Farming: क्या फाइटर फिश के बारे में पढ़ा है आपने, यहां जानें क्या होती है इसकी खासियत

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प्रतीकात्मक तस्वीर

नई दिल्ली. सियामिज फाईटर फिश को बबल नैस्ट बिल्डर के नाम से भी जाना जाता है. यह मछली काफी कठोर होती है और इसके पालन के लिए बहुत बड़े टैंक की जरूरत नहीं होती है. इस मछली के कम ही प्रकार हैं. यह मछली बाकी नर मछलियों के प्रति बहुत आक्रामक होती है. जिसके कारण इसका यह नाम पड़ा है. एक्सपर्ट कहते हैं कि कभी-कभी यह दूसरी मछलियों पर भी हमला कर देती है. इसलिए इन्हें दूसरी मछलियों के साथ कम ही रखा जाता है. इसके बारे में कहा जाता है कि यह भोजन खाने में अधिक फूर्ती नहीं दिखा पाती है. इसलिए भेजन देने में एहतियात बरता जाता है.

इसके वैज्ञानिक नाम की बात की जाए तो बीटा स्पलैन्डनस सबसे ज्यादा प्रचलित है. अधिकतम आकार 75 मिमी तक होता है. ये मछली म्यामार, थाईलैंड, कम्बोडिया में ज्यादा पाली जाती है. जबकि पूरे दक्षिण पूर्व एशिया में आसानी से पाई जा सकती है. अपनी जैसी मछलियों के साथ बहुत ही सुकून से रहती हैं लेकिन पंखों को कतरने वाली मछलियों के साथ नहीं रहती हैं.

फीड में सबकुछ खा लेती हैं
इस मछली का टैंक एक छोटे से मछली कटोरे (Fishbowl) से लेकर 100 गैलन टैंक के आकार का हो सकता है. मछली के कटोरे में पानी लगभग रोज बदलना पड़ता है. बड़े एक्वेरियम में पानी सप्ताह में दो बार बदलना चाहिए. गर्मियों में सर्दियों की तुलना में अधिक बार पानी बदलना पड़ता है. पानी की गुणवता विशेषकर उसका रंग, आहार के तल पर पड़े वेस्ट का भी पानी बदलते वक्त ध्यान रखना चाहिए. आहार की बात की जाए तो इन्हें सर्वाहारी माना जाता है. छोटे जिंदा कीड़े इनकी खुराक होते हैं. वहीं सूखा भोजन, पपड़ी और दानेदार चीजें भी खाती हैं. केंचुए या कीड़ों के टुकड़ों के साथ मिलाया गया हो तो खाती हैं. वहीं बाजार में उपलब्ध सुखी एक्वेरियम फीड के पैकेट भी खाती हैं.

पानी के बुलबुले में बनाती है घोंसला
इसके बारे में एक्सपर्ट कहते हैं कि ये प्रजजन यह अंडा देने वाली मछली है. ये बुलबुलों का घोंसला बनाती है. मछली का प्रजनन अधिक मुश्किल नहीं है. वहीं इसे देखना बहुत दिलचस्प होता है. नर मछली अपने कलास्पर से मादा मछली को अंडे निकालने के लिए पकड़ता है. अंडे बुलबुलों के घोसले में दिए जाते हैं और यदि कोई अंडा घोंसले से गिर जाए तो मादा मछली उसे तुरन्त वापस लाती है. इस मछली की यह खास विशेषता है कि नर मछली अंडे निकालने के बाद मादा मछली से दूर हो जाती है. लिंग भेद की बात की जाए तो मादा मछली कम शोभा वाले पंखों के कारण अधिक सुन्दर नहीं होती लेकिन नर मछली के बहुत विस्तृत पंख की होती है और बहुत ही खूबसूरत नजर आती है.

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