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Milk: दूध की क्वालिटी टेस्ट करने का क्या है सही तरीका, जानें यहां

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प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली. दूध के संगठन और उसके भौतिक रासायनिक गुणों को जानने के बाद यह जरूरी हो जाता है कि हम प्रायोगिकी तरीके से यह जान सकें कि किसी भी दूध की गुणवत्ता कैसी है? क्या वह शुद्ध एवं ताजा है और क्या वह सरकार द्वारा निर्धारित मानको के अनुरूप है या नहीं? साथ ही यह भी पता चल सके कि इसमें कोई मिलावट आदि तो नही की गई है. यह सब जानने के लिए यह जरूरी हो जाता है कि हम दूध के कुछ परीक्षण से भी अवगत हो सकें. ताकि इसके बारे में अच्छे से जानकारी हो जाए.

डेयरी एक्सपर्ट कहते हैं कि दूध के गुणों का नियंत्रण दूध उत्पादन केंद्र, दूध संसाधन और दूध निर्माण केंद्र व वितरण और बिक्री के दौरान करना पड़ता है. इससे यह सुनिश्चित होता है कि उपभोक्ता को एक सामान्य गुण वाला और सही अवस्था में दूध मिल पा रहा है या नहीं. यदि अच्छी गुणवत्ता वाला दूध होगा, तभी अच्छे किस्म के दूध पदार्थ बन सकेंगे. कहने का मतलब यह है कि किन्ही भी परिस्थितियों में इस्तेमाल दूध अच्छी गुणवत्ता का होना चाहिए. एक्सपर्ट का कहना है कि इन सब बातों को बनाए रखने के लिए यह जरूरी है कि हम दूध का परीक्षण करें. तमाम टेस्ट से दूध के गुणों के बारे में सही जानकारी की जा सकती है. इन्ही उद्देश्यों को ध्यान में रख कर यह इकाई तैयार की गई है. आइए दूध की क्वालिटी से जुड़ी कुछ अहम बातें जानें.

क्वालिटी वाले दूध की पहचान
(1) दूध शुद्ध और ताजा हो और उसमें सभी चीजें सामान्य मात्रा में मौजूद हों.

(2) अच्छी क्वालिटी के दूध की पहचान है कि दूध रोगाणु मुक्त होना चाहिए.

(3) दूध की गुणवत्ता को खराब करने वाले जीवाणु न्यूनतम हों जिससे दूध को अधिक समय तक सुरक्षित रखा जा सके.

(4) दूध का स्वाद ऐसा हो कि इसके पीने वाले को ये अच्छा लगे.

दूध के टेस्ट में क्या है जरूरी
डेयरी एक्सपर्ट का कहना है कि हमें उन सभी टेस्ट का पता होना चाहिए जिससे कि ये पता चल सके कि दूध की गुणवत्ता का पता कैसे लगाया जा सकता है. साथ ही उन टेस्ट के बारे में भी जानना चाहि कि दूध का उत्पादन साफ सुधरे तरीके से किया जा सके ताकि इसे काफी समय तक बिना खराब हुए रखा जा सके. टेस्ट को साकार रूप देने से पहले दूध जिसका हमें परीक्षण करना है उसका नमूना लेना भी आवश्यक होता है. इसलिए इस इकाई में नमूना लेने के तरीके के बारे में भी हमें जानना चाहिए. कुल मिलाकर कहा जाए कि जब तक तमाम चीजों की सही जानकारी नहीं होगी, तो दूध टेस्ट का सही रिजल्ट सामने नहीं आएगा.

Written by
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