Home मछली पालन Fisheries: ओडिशा में यहां लगा समुद्री मछली पकड़ने पर बैन, इस नये प्लान पर खर्च होंगे करोड़ों रुपये
मछली पालन

Fisheries: ओडिशा में यहां लगा समुद्री मछली पकड़ने पर बैन, इस नये प्लान पर खर्च होंगे करोड़ों रुपये

‘Need national guideline on eco-labeling of marine fishery resources’
Symbolic photo. livestock animal news

नई दिल्ली. राज्यसभा में एक सवाल के जवाब में मत्स्यपालन, पशुपालन एवं डेयरी मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ​​ललन सिंह कहा कि ओडिशा सरकार ने मात्स्यिकी संसाधनों के सेफ्टी और समुद्री मात्स्यिकी को बनाए रखने (ससटेन) के लिए ओडिशा के 480 किलोमीटर लंबे तट के साथ—साथ पूर्वी तट पर 15 अप्रैल से 14 जून तक सालाना मत्स्यन गतिविधि पर यूनिफोर्म प्रतिबंध लगा दिया है. वहीं ओडिशा सरकार ने एक नवंबर से 31 मई के दौरान हर साल ओलिव रिडले कछुओं के संरक्षण के लिए ओडिशा तट के 120 किलोमीटर के विस्तार पर फिशिंग पर बैन लगाया है. ओडिशा सरकार ने यह भी बताया है कि ओवरफिशिंग की घटनाओं को कम करने के लिए दो दशकों से मैकेनाईज्ड फिशिंग वेसेल्स के फ्लीट साइज में वृद्धि नहीं हुई है.

केंद्रीय मंत्री ने जवाब में कहा कि ओडिशा सरकार और अन्य एजेंसियों को राज्य में समुद्री फिशरीज सहित मात्स्यिकी और जलीय कृषि के विकास के लिए PMMSY के तहत 564.00 करोड़ रुपए के केंद्रीय अंश के साथ 1265.42 करोड़ रुपए की लागत से परियोजना प्रस्तावों को मंजूरी दी है. PMMSY के तहत ओडिशा के फिशरीज रिसोर्स के संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए फिशिंग गतिविधि पर बैन लगाया है. वहीं आजीविका के लिए ओडिशा सरकार मछुआरों के परिवारों को 24 हजार रुपये की सालाना वित्तीय सहायता भी प्रदान करती रहेगी. इसके अलावा, ओडिशा तट पर स्टॉक में वृद्धि और सस्टेनेबल मरीन फिशरीज को बढ़ावा देने के लिए सरकार को आर्टिफिशयल रीफ की 93 इकाइयों की स्थापना को मंजूरी दी गई है.

मछुआरों को दिये गए 5 करोड़ रुपये
केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने जानकारी देते हुए है कि पिछले पांच वर्षों के दौरान PMMSY के तहत पारंपरिक मछुआरों को नावों (रिप्लेसमेंट) और जालों के लिए ओडिशा सरकार को 5.23 करोड़ रुपए के केंद्रीय अंश के साथ 17.28 करोड़ रुपए की कुल परियोजना लागत पर 560 यूनिट्स के लिए वित्तीय सहायता के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई थी. वहीं इस मदद के आधार पर ओडिशा सरकार ने पांच वर्षों के दौरान 201 मछुआरों को नावों और जालों की रिप्लेसमेंट के लिए 5.025 करोड़ रुपए प्रदान दिये हैं.

82 करोड़ रुपए से बनेगा फिशिंग हार्बर
उन्होंने कहा कि PMMSY के तहत 49.716 करोड़ रुपए के केंद्रीय अंश के साथ 82.86 करोड़ रुपए की लागत से ओडिशा के पुरी जिले के नुआगढ़ (अस्तरंग) में फिशिंग हार्बर के निर्माण के लिए ओडिशा सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है. मत्स्यपालन विभाग, मत्स्यपालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय, भारत सरकार ने PMMSY के केंद्रीय क्षेत्र योजना घटक के तहत 100 फीसद केंद्रीय अंश के साथ 99.75 करोड़ रुपए की लागत से पारादीप फिशिंग हार्बर के आधुनिकीकरण और अपग्रेडेशन के लिए पारादीप पोर्ट ट्रस्ट के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

shrimp farming problems
मछली पालन

Fisheries: टेक्नोलॉजी और इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने से भीमावरम फिशरीज क्लस्टर होगा मजबूत

नई दिल्ली. नेशनल फिशरीज डेवलपमेंट बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. बिजय...

The States and UTs have been advised to implement the clusters based approach for development of fisheries and aquaculture. Based on the request received from the Andaman and Nicobar Administration, development of Tuna fisheries cluster in Andaman & Nicobar Islands has been notified under PMMSY.
मछली पालन

Fisheries: आंध्र प्रदेश ने 64 लाख टन मछली उत्पादन कर टारगेट किया पूरा

नई दिल्ली. भारत सरकार के मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय के...

यहां मानसून जून से सितम्बर तक चलता है. औसत वर्षा करीब 57 सेमी. होती है.
मछली पालन

PMMSY के तहत हरियाणा में फिशरीज सेक्टर हुआ मजबूत

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई) एक ऐसी योजना है, जिसके...