नई दिल्ली. बिहार में पानी का विशाल संसाधन मौजूद है, जिनमें 1.22 लाख हेक्टेयर में फैले तालाब और पोखर, 0.64 लाख हेक्टेयर के जलाशय, 9.5 लाख हेक्टेयर की बाढ़-मैदान वाली झीलें और बेकार पड़े हुए जल-क्षेत्र और 21,354 किलोमीटर से ज़्यादा लंबी नदियां एवं नहरें शामिल हैं. यहां उत्पादन होने वाली मुख्य मछलियों में कतला, रोहू, मृगल, ग्रास कार्प, कॉमन कार्प, सिल्वर कार्प, पाबदा, तिलापिया, पैंगैसियस, मांगुर, स्कैम्पी और सजावटी मछलियां शामिल हैं. इन समृद्ध प्राकृतिक संसाधनों के कारण बिहार के लिए अंतर्देशीय मत्स्य पालन के क्षेत्र में एक अग्रणी केंद्र बनने की अपार संभावनाएं मौजूद हैं.
सरकार की मंशा है कि बिहार में मछली पालन को बढ़ावा दिया जाए. इसके लिए कई अहम प्रयास किए जा रहे हैं. वहीं योजनाएं भी संचालित की जा रही हैं. इसी कड़ी में भ्रमण दर्शन कार्यक्रम योजना है. आइए इसके बारे में जानते हैं.
भ्रमण दर्शन कार्यक्रम की योजना
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए “भ्रमण दर्शन कार्यक्रम की योजना” के तहत आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं.
इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के मत्स्य कृष्कों को भ्रमण दर्शन कार्यक्रम के द्वारा मात्स्यिकी के नविनतम तकनीक से अवगत करना है.
ताकि वे प्रेरीत होकर इस तकनीक को सीख कर अपने-अपने जलस्रोतो में लागू करते हुए इसका फायदा उठा सकें.
योजना का क्रियान्वयन की बात की जाए तो यह योजना राज्य के सभी जिलो में कार्यान्वित की जाएगी.
योजना के तहत राज्य के कुल 3000 मत्स्य किसानों को 150 बैचों (20 मत्स्य कृष्क प्रति वैच) में मत्स्य प्रक्षेत्रो का एक दिवसीय भ्रमण दर्शन कराया जाएगा.
मछली किसानों को राज्य के अन्दर भ्रमण दर्शन कार्यक्रम के लिए निबंधन शुल्क के रूप में 100 रुपए प्रति किसान अपने संबंधित जिलों के जिला मत्स्य कार्यलय में जमा किया जाएगा.
किसे मिलेगा फायदा
निजी, पट्टा पर अथवा सरकारी तालाब, जलकर में मत्स्य पालन करने वाले मछली पालकों को इसका फायदा होगा.
विभागीय विभिन्न योजना के तहत आवेदन करने वालों को प्रखंड स्तरीय मत्स्यजीवी सहयोग समिति के सक्रिय सदस्य होना जरूरी है.
ऐसे प्रगतिशील मत्स्य पालक जो विभागीय योजनांतर्गत प्रशिक्षण प्राप्त कर सफलतापूर्वक मत्स्य पालन का कार्य कर रहे हों.
साथ ही ऐसे किसान जो मछली पालन करना चाहते हों तथा उनके पास समुचित संसाधन उपलब्ध है.
आवेदन की प्रक्रिया के बारे में जानें
योजना के लिए आवेदन http://fisheries.bihar.gov.in/ पर ऑनलाइन प्राप्त किए जायेंगे. इस योजना की विस्तृत जानकारी राज्यादेश सं०-2096, दिनांक-04.05.2026 से प्राप्त की जा सकती है जो विभागीय वेबसाईट http://state.bihar.gov.in/ahd/CitizenHome.html पर प्रदर्शित है.











