Home पशुपालन Animal: एंटी रेबीज वैक्सीनेशन और नियमित डीवार्मिंग से कुत्तों और इंसानों दोनों को रखा जा सकता है सुरक्षित
पशुपालन

Animal: एंटी रेबीज वैक्सीनेशन और नियमित डीवार्मिंग से कुत्तों और इंसानों दोनों को रखा जा सकता है सुरक्षित

​कुत्तों को वैक्सीन लगाया गया.

नई दिल्ली. गुरु अंगद देव वेटनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी, लुधियाना के टीचिंग वेटनरी क्लिनिकल कॉम्प्लेक्स (TVCC) विभाग ने ‘A BETTER BARK’ (सेक्रेड हार्ट कॉन्वेंट स्कूल, सराभा नगर, लुधियाना के छात्रों की एक पहल) के सहयोग से मल्टी-स्पेशियलिटी वेटनरी हॉस्पिटल में एक मुफ्त डीवर्मिंग और एंटी-रेबीज वैक्सीनेशन कैंप का आयोजन किया. इस पहल का उद्देश्य आवारा कुत्तों के स्वास्थ्य और कल्याण में सुधार करना था, साथ ही रेबीज नियंत्रण की महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्वास्थ्य चिंता जाहिर करना था. इस अभियान के तहत बड़ी संख्या में आवारा कुत्तों को कवर किया गया.

वहीं इस अभियान में पालतू जानवरों के मालिकों द्वारा लाए गए पालतू जानवरों को भी शामिल किया गया था. इस कैंप में जूनोटिक (पशुओं से मनुष्यों में फैलने वाली) बीमारियों को रोकने और पशु स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के लिए मुख्य रणनीतियों के रूप में बड़े पैमाने पर एंटी-रेबीज वैक्सीनेशन और नियमित डीवर्मिंग पर जोर दिया गया.

पशुओं और इंसानों के साथ के लिए जरूरी
बता दें कि एंटी रेबीज वैक्सीनेशन और नियमित डीवार्मिंग की वजह से न सिर्फ कुत्तों के स्वास्थ को बेहतर किया जा सकता है बल्कि इससे इंसानों को भी हैल्दी रखा जा सकता है.

वहीं यूनिवर्सिटी कैंपस के भीतर विभिन्न स्थानों पर भी एक वैक्सीनेशन अभियान चलाया गया, जिससे आवारा कुत्तों तक व्यापक पहुंच और प्रभावी कवरेज सुनिश्चित हो सके.

TVCC विभाग के इंटर्न, एनिमल वेलफेयर क्लब के छात्रों, फैकल्टी सदस्यों और सहायक कर्मचारियों की एक टीम ने इस कैंप में सक्रिय रूप से भाग लिया.

इस दौरान जानवरों की सुरक्षित देखभाल और उपचार सुनिश्चित किया. टीम ने आवारा कुत्तों के मानवीय प्रबंधन और वैक्सीनेशन के महत्व के बारे में भी जन जागरूकता फैलाई.

‘A BETTER BARK’ टीम ने इस कैंप में सक्रिय रूप से भाग लिया और उनके साथ श्री सुनील कुमार भी थे, जिनके सहयोग और समन्वय ने इस कार्यक्रम की सफलता में महत्वपूर्ण योगदान दिया.

आयोजकों ने सेक्रेड हार्ट कॉन्वेंट स्कूल की प्रिंसिपल डॉ. वीना डिसूज़ा के प्रति भी उनकी प्रोत्साहन और समर्थन के लिए हार्दिक आभार व्यक्त किया.

वाइस-चांसलर डॉ. जे.पी.एस. गिल ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा, “आवारा कुत्तों का स्वास्थ्य प्रबंधन सार्वजनिक स्वास्थ्य का एक महत्वपूर्ण घटक है.

ऐसी पहल रेबीज़ नियंत्रण में और एक सुरक्षित तथा स्वस्थ वातावरण को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं.

COVS के डीन डॉ. एस.एस. रंधावा ने भी इस कार्यक्रम की सराहना की और टिप्पणी की, “कुत्तों का नियमित एंटी-रेबीज़ वैक्सीनेशन और डीवर्मिंग बीमारियों के बोझ को कम करने और समग्र पशु स्वास्थ्य में सुधार करने के लिए आवश्यक निवारक उपाय हैं.

क्लिनिक्स के निदेशक डॉ. जे. मोहिंद्रू ने बताया कि, ऐसी पहलों में स्कूली छात्रों की भागीदारी अत्यंत उत्साहजनक है और यह बढ़ती हुई सामाजिक जिम्मेदारी को दर्शाती है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

पशुपालन

Cow: यूपी में हजारों गो आश्रय स्थल बनेंगे ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर प्रोडक्शन सेंटर, युवाओं को मिलेगा रोजगार

नई दिल्ली. उत्तर प्रदेश अब गोसंरक्षण, प्राकृतिक खेती और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के...

पशुपालन

Animal Husbandry: पशुपालन में वैज्ञानिक प्रगति और पशु कल्याण के बीच संतुलन बनाने की जरूरत

नई दिल्ली. भारत सरकार के पशुपालन और डेयरी विभाग (डीएएचडी) के तहत...

Animal Husbandry: Farmers will be able to buy vaccines made from the semen of M-29 buffalo clone, buffalo will give 29 liters of milk at one go.
पशुपालन

Animal News: पशुओं की ईयर टैगिंग कराने के हैं कई फायदे, हर एक जानकारी मिलती है यहां

नई दिल्ली. बहुत से पशुपालक भाई पशु की ईयर टैगिंग कराने से...