Home पशुपालन Animal Husbandry: यहां 10 प्वाइंट में पढ़ें कैसे करें गौशाला की सफाई, क्या है सही तरीका
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Animal Husbandry: यहां 10 प्वाइंट में पढ़ें कैसे करें गौशाला की सफाई, क्या है सही तरीका

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प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली. पशुओं की सेहत के लिए गौशाला से कचरे का निपटारा करना बेहद ही जरूरी है. इसके लिए कचरे को पूरी तरह से तुरंत हटा दिया जाना चाहिए. ताकि यह किसी भी तरह की बीमारी का कारण न बन सके. गोबर को खाद के रूप में इसे अच्छी तरह से स्टोरेज कर लेना चाहिए ताकि, इसमें पौधे के पोषक तत्व बने रहें और इसे वक्त से खेतों में इस्तेमाल करना चाहिए. वहीं गोबर की खाद से किसानों को अतिरिक्त कमाई भी हो सकती है. जबकि गोबार से बायो गैस भी बनाई जा सकती है. एक्सपर्ट कहते हैं कि डेयरी फार्म से हर तरह के कचरे को निकालना पशुपालन की अच्छी आदतों में आता है.

पशुशाला के कचरों की बात की जाए तो ठोस गोबर, खाद्य वेस्ट प्रमुख है. वहीं बिछावन पर गंदगी आदि कचरे में आती है. सफाई के दौरान ठोस खाद को एक जगह इकट्टा करके रोजाना दो बार हटा देना चाहिए. तरल रूप में खाद जब भी प्राप्त हो, उन्हें ले जाने और स्टोर करने के प्रावधान किए जाने चाहिए.

कैसे करना है सफाई, पढ़ें यहां
सफाई के दौरान हौज पाइपों की सहायता से दोनों प्रकार की खादों को एक साथ पानी से बहा देना चाहिए. ठोस वेस्ट को फावड़ों से इकट्ठा करके ठेला गाड़ी में उठाकर पशुशाला से ले जाएं. बड़ी पशुशालाओं में इसके लिए बैलगाड़ियों या ट्रैक्टर ट्रॉली का इस्तेमाल किया जा सकता है.

तरल खाद तथा पशुशाला की धोवन को पशुशाला में बनाई गई नाली द्वारा खुले तथा बंद इलाकों के जंक्शन तक ले जाना चाहिए. वहां इसका निपटारा करना चाहिए.

नाली को “यू” आकार का होना चाहिए तथा उसकी गहराई 6 से 8 सेमी के बीच तथा चौड़ाई 30-40 सेमी तक हो सकती है. नालियों में उपयुक्त ढलान रखा जाना चाहिए.

बाड़ों की कई पंक्तियां होने पर उनकी दीवारों में छेद बनाकर सभी नालियों को एक में जोड़कर रखना चाहिए.

पशुशाला के बाहर, हर शेड से निकलने वाली तरल खाद को नालियों खासकर बंद या सतही नाली को मुख्य फार्म नाली से जोड़ देना चाहिए.

नाली इस तरल खाद को एक इंस्पेक्शन कक्ष तथा सैटिंग चेम्बर के जरिए से एक तरल खाद स्टोरेज टैंक में ले जाती है.

पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध हो तो प्रेशर द्वारा फर्श को धोकर तरल और ठोस खाद को एक खुले गृह में ले जाना चाहिए.

पशुशाला में पर्याप्त चौड़ाई वाली नालियों के नेटवर्क का निर्माण एक अनिवार्य जरूरत है.

इस मिश्रित धोवन पानी को चारा घास के खेतों में सीधे ले जाया जा सकता है या इसे बॉयोगैस संयंत्रों में स्लरी के तौर पर उपयोग में लाया जा सकता है.

जब ठोस खाद को अलग से इकट्ठा किया जाता है, तो इसे एक खाद के गड्ढे में अच्छे तरीके से स्टोर किया जाना चाहिए. जिससे ये सही तरह डीकंपोज हो जाए और उसमें किसी प्रकार की मक्खियों का संक्रमण न हो.

Written by
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