Home मछली पालन Fish Farming: मई में हर 15 दिन पर करें मछलियों की हैल्थ की जांच, चूने का छिड़काव भी करें
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Fish Farming: मई में हर 15 दिन पर करें मछलियों की हैल्थ की जांच, चूने का छिड़काव भी करें

यहां मानसून जून से सितम्बर तक चलता है. औसत वर्षा करीब 57 सेमी. होती है.
मछली पालन की प्रतीकात्मक तस्वीर।

नई दिल्ली. गर्मी दिन-दिन बढ़ रही है और आने वाले वक्त में और ज्यादा परेशान करने वाली हो जाएगी. क्योंकि मई का महीना शुरू हो चुका है, ऐसे में मछली पालकों को भी सावधान हो जाने की जरूरत है. मछली पालकों को मछली पालन के दौरान कुछ विशेष सावधानी बरतनी की हिदायत फिश एक्सपर्ट की ओर से दी जाती है. ताकि मछली पालन के काम में उन्हें नुकसान ना हो. मछलियां भले ही पानी में रहती हैं लेकिन वह बेहद ही सेंसिटिव होती हैं और इस गर्मी में पानी उन्हें नुकसान भी पहुंचा सकता है. इसलिए पानी के स्तर से लेकर पानी के अंदर मौजूद ऑक्सीजन आदि पर ध्यान देने की जरूरत होती है.

एक्सपर्ट कहते हैं कि जब मई में तापमान बढ़ जाए और गर्मी में इजाफा हो जाए तब मछली पालन के दौरान तालाब के पानी का स्तर 5 से 6 फीट रखना बेहद जरूरी होता है. अगर इससे कम पानी का स्तर होगा तो पानी गर्म हो जाएगा. जिससे मछलियों को दिक्कतें हो सकती हैं और उनमें मृत्यु दर भी दिखाई दे सकती है. इसके अलावा भी कई बातों का ध्यान रखना. इस बारे में डिटेल से जानते हैं.

इस तरह मछलियों का ध्यान दें
असल में चिलचिलाती धूप में तालाब का पानी बहुत जल्दी सूख भी जाता है. इस वजह से पानी का स्तर 5 से 6 फीट रखना जरूरी होता है. कोशिश करें कि पानी ठंडा रहे तकि मछलियों को अच्छा एहसास हो.

अक्सर ऐसा होता है कि जब तापमान बढ़ जाता है तब पानी का ऑक्सीजन कम हो जाता है.

ऐसे में सुबह 4 से 5 बजे एयरेटर चला देना चाहिए और ऊपर से फव्वारा भी, ताकि ऑक्सीजन का लेवल सही हो जाए.

गर्मी के मौसम में चूना भी बेहद जरूरी है. इसलिए एक एकड़ में 20 से 30 किलोग्राम चूने के छिड़काव करें.

चूने का छिड़काव हर 15 दिन पर करें ताकि पानी के पीएच को संतुलित किया जा सके और कीटाणुओं को खत्म किया जा सके.

गर्मी में मछलियों को फीड सुबह 8:00 से 9:00 बजे और शाम को 4:00 से 5:00 बजे के आसपास देना चाहिए. फीड बहुत ज्यादा ना दें. जितना मछलियां खा सकें उतना ही देना चाहिए.

गर्मी में मछलियां बीमार हो जाती हैं. ऐसे में हर 15 दिन पर उन​​की हैल्थ की जांच होनी चाहिए.

ऐसा करने के लिए जाल चला कर मछलियों की जांच करें. चेक करें कि मछलियां कहीं ऊपरी सतह पर आकर मुंह खोलकर सांस तो नहीं ले रही हैं.

अगर एक ही तालाब में ज्यादा मछलियां हो गईं हैं कुछ मछलियों को दूसरे तालाब में भी शिफ्ट कर दें. तालाब में ज्यादा मछलियां भी उनकी सेहत के लिए अच्छी बात नहीं है.

Written by
Livestock Animal News Team

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