Home डेयरी Dairy: इन बातों को पढ़ लें, रोड पर नहीं छोड़ेंगे गाय, मिलेगा अच्छा उत्पादन
डेयरी

Dairy: इन बातों को पढ़ लें, रोड पर नहीं छोड़ेंगे गाय, मिलेगा अच्छा उत्पादन

मिशन का उद्देश्य किसानों की इनकम दोगुनी करना, कृषि को जलवायु के अनुकूल बनाना, धारणीय और जैविक कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना है.
प्रतीकात्मक तस्वीर।

नई दिल्ली. अक्सर ऐसा देखा जाता है कि बहुत से पशुपालक भाई जो गाय का पालन करते हैं. अगर वह दूध नहीं देती तो उन्हें रोड पर छोड़ देते हैं. ऐसा होने से जहां पशुओं को तकलीफ होती है तो वहीं पशुओं की वजह से कई बार किसानों की फसल खराब होती है. रोड एक्सीडेंट भी होते हैं. एनिमल एक्सपर्ट का कहना है कि बहुत से मामलों में ऐसा भी होता है कि गाय की दूध देने की क्षमता होती है लेकिन पशुपालक भाइयों से कुछ गलतियां हो जाती हैं, जिसकी वजह से वह दूध देना बंद कर देती है और पशुपालक भाई उसे रोड पर छोड़ आते हैं. अगर पशुपालक भाइयों को उन गलतियों के बारे में पता चल जाए तो फिर उन्हें गाय को रोड पर बेसहारा नहीं छोड़ना पड़ेगा और इससे उन्हें मुनाफा भी मिलेगा.

गौरतलब है कि गाय का दूध भैंस के दूध की तुलना में ज्यादा पौष्टिक माना जाता है और ये पीने में भी ज्यादा अच्छा होता है. हालांकि जब गाय दूध देना बंद कर देती है तो पशुपालक भाइयों के सामने उसे खिलाना बड़ी चुनौती होता है. क्योंकि पशु जो भी कुछ खाता है, उसका रिजल्ट दूध के तौर पर मिलता है लेकिन जब रिजल्ट मन के मुताबिक नहीं मिलता तो मजबूरन पशुपालकों को उन्हें रोड पर छोड़ना पड़ जाता है

कब हीट में आता है जानवर
एनिमल एक्सपर्ट का कहना है कि गाय को कुदरत ने इतना सक्षम बनाया है कि वह अपना खर्चा खुद भी उठा सकती हैं लेकिन कई बार किसानों से यह गलती हो जाती है कि वह गाय को गाभिन करने के लिए सही वक्त का चुनाव नहीं करते हैं. इससे गाय बार-बार रिपीट कर जाती है कई बार गलत सीमन डालने से भी रिपीट हो जाती है. कुछ मामलों में टाइम से एआई न कराने की वजह से भी रिपीट हो जाती है. पशुपालक भाई जान लें कि जानवर 20 से 21 दिन में हीट में आ जाता है अगर 15 दिन पर हीट में आ रहा है या फिर 22 दिन के बाद में आ रहा है तो कुछ ना कुछ कमी है जिसका हल किसान भाइयों को ढूंढना चाहिए.

ये गलतियां कभी भी न करें
अगर जानवर 21 दिन पर हीट में आता है, तब एआई कराना ही चाहिए. एक्सपर्ट कहते हैं कि सारा फायदा दूध प्रोडक्शन पर निर्भर करता है. गाय जो भी खाती है या उसपर जो भी खर्च किया जाता है, वह सब कुछ हमें दूध से वसूल करना होता है अगर आप गाय को एआई करने में देर कर रहे हैं तो इसका मतलब है कि अपनी जेब से गाय को खिला रहे हैं. इससे नुकसान होता है. कई बार पशुपालक भाई एआई कराना ही छोड़ देते हैं और अगली बार का इंतजार करते हैं. इस दरमियान जितने भी दिन पशु गर्भित नहीं होता है, उसका नुकसान पशुपालक भाइयों को होता है. कई बार किसान भाई सही से क्रॉस भी नहीं करवाते हैं. इस वजह से भी उन्हें फायदा नहीं मिलता है. नतीजे में गाय को रोड पर छोड़ना ही पड़ता है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

NPDD scheme is being implemented to enhance quality of milk and milk products and increase share of organized milk procurement.
डेयरी

Milk Production: पशु के दूध में फैट कम होने के हैं तीन मुख्य कारण, बढ़ाना भी है बेहद ही आसान

नई दिल्ली. गाय-भैंस यदि भरपूर दूध का उत्पादन करे लेकिन दूध के...

मिशन का उद्देश्य किसानों की इनकम दोगुनी करना, कृषि को जलवायु के अनुकूल बनाना, धारणीय और जैविक कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देना है.
डेयरीसरकारी स्की‍म

Government Scheme: गाय पालने पर यूपी सरकार दे रही है आर्थिक मदद

नई दिल्ली. बिजनेस को छोटे स्तर से भी शुरू करके बड़ा बनाया...

milk production
डेयरी

Dairy News: दूध उत्पादन बढ़ाने के पांच टिप्स बहुत आएंगी आपके काम

नई दिल्ली. हर एक पशुपालक की ये चाहत होती है कि उसके...

डेयरी

Dairy: बायोगैस, कंप्रेस्ड बायोगैस और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर के उत्पादन में अहम है डेयरी कोऑपरेटिव नेटवर्क

नई दिल्ली. यूके के बर्मिंघम में आयोजित ‘वर्ल्ड बायोगैस एक्सपो एंड समिट...