नई दिल्ली. गाय अगर वक्त पर गाभिन यानि गर्भवती ना हो तो पशुपालन के काम में इससे काफी नुकसान हो सकता है. एनिमल एक्सपर्ट कहते हैं कि दूध उत्पादन में भारी कमी इसी की वजह से होती है. तकरीबन 70 फीसद तक का नुकसान हो सकता है. क्योंकि दूध के लगातार उत्पादन के लिए हर साल बछड़ा जरूरी है. इसके अलावा लंबे समय तक गाभिन न होने की वजह से पशुपालन के काम में मुनाफा घट जाता है. जबकि गाय बांझपन का शिकार भी हो सकती है. वहीं उसे अन्य गंभीर समस्याएं भी हो सकती हैं. जो पशुपालन की लागत को बढ़ा भी सकता है.
इसको देखते हुए कहा जा सकता है कि इससे पशुपालन के काम में नुकसान होना बिल्कुल तय है. हालांकि इस नुकसान से बचा जा सकता है. बस इसके लिए जरूरी है कि गाय वक्त पर गाभिन या गर्भवती हो जाए. एनिमल एक्सपर्ट गाय को वक्त पर गाभिन करने के लिए कुछ जरूरी टिप्स बताते हैं. जिनको आजमा कर आप गाय को सही वक्त से गर्भवती करा सकते हैं. आइए इस बारे में यहां जानते हैं .
पशुपालक को क्या करना चाहिए
एक्सपर्ट के मुताबिक गाय को गाभिन कराने के लिए सही समय पर एआई कराना जरूरी होता है.
गाय में हीट 12 घंटे से 18 घंटे रहती है. हीट की सही पहचान होने पर उसके बाद एआई कऱा देना चाहिए.
कई बार पोषण की कमी की वजह से भी गाय गर्भवती नहीं हो पाती है. इसलिए पोषण पर ध्यान देने की जरूरी होता है.
एक्सपर्ट के मुताबिक संतुलित आहार खुराक में मिनरल मिक्सचर, नमक और हरा चारा देना जरूरी होता है. जिससे गाय को गर्भवती होने में आसानी होती है.
बीमारी पर कंट्रोल करना भी बेहद जरूरी है. कई बार बीमार पशु गाभिन नहीं हो पाते हैं.
बीमारियों और संक्रमण की जांच समय पर करना चाहिए. वहीं पशु को नियमित टीकाकरण और कृमिनाशक दवा देनी चाहिए. इससे पशु को गभिन होने में मदद मिलेगी.
बात अगर हीट के लक्षण की करें तो हीट में आने के बाद गाय बार-बार रम्भाने लगती है. दूसरे पशुओं पर चढ़ने लगती है. पूंछ उठाने लगती है. जबकि उसे भूख भी कम लगती है.
एक्सपर्ट का कहना है कि जबपशु हीट में आए तो उसका एआई कराएं. वहीं एआई के 18 से 21 दिन के बाद गाय की जांच जरुर करवा लें.
निष्कर्ष
ये कुछ जरूरी टिप्स है, जिससे गाय आसानी के साथ गाभिन हो जाएगी. इसको हर एक पशुपालक को आजमाना चाहिए. इससे वो खुद को नुकसान से बचा पाएंगे और पशुपालन के काम में अच्छा मुनाफा भी मिलेगा.












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