Home डेयरी Milk Production: 10 लीटर दूध उत्पादन करने वाली गाय को हर दिन क्या और कितना खिलाएं
डेयरी

Milk Production: 10 लीटर दूध उत्पादन करने वाली गाय को हर दिन क्या और कितना खिलाएं

सदैव स्वस्थ एवं सुडौल शरीर वाले पशु ही खरीदना चाहिए.
प्रतीकात्मक तस्वीर।

नई दिल्ली. कई बार ऐसा होता है कि पशुओं को उनकी जरूरत के मुताबिक पर्याप्त खुराक नहीं मिल पाती है. इसके नतीजे में पशु का दूध उत्पादन कम हो जाता है. बात सिर्फ दूध उत्पादन तक रहे तो ठीक है. इसके चलते पशुओं की सेहत भी खराब होने का खतरा रहता है. जिससे पशु कभी भी ठीक तरह से दूध का उत्पादन नहीं कर पाते हैं. इसलिए जरूरी होता है कि पशुओं को उनकी जरूरत के मुताबिक खुराक दी जाए. ताकि उनका दूध उत्पादन भी अच्छा रहे साथ ही उनकी सेहत भी ठीक रहे.

बिहार के पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग (Department of Animal and Fisheries Resources, Bihar) की ओर से बताया गया है कि पशुओं को क्या-क्या खिलाना चाहिए. विभाग के एक्सपर्ट का कहना है कि पशुओं को उनकी जरूरत के मुताबिक चार दाना आदि देना चाहिए. पशुओं को सूखा, हरा चारा दोनों देने की जरूरत होती है. इसके अलावा खाली गेहूं का चोकर आदि भी दिया जाता है.

क्या कितना खिलाना है
मान लीजिए आपका पशु गाय है और वह हर दिन 10 लीटर दूध का उत्पादन कर रही है तब आप उसे सूखा चारा 8 किलो प्रतिदिन खिला सकते हैं.

वहीं हरे चारे के तौर पर आपको 10 किलो चारा गाय को खिलाना होगा. इससे गाय को तमाम पौष्टिक तत्व मिल जाएंगे और उसका उत्पादन बेहतर रहेगा.

पशु आहार की मात्रा 4 किलो रखनी होगी. वहीं आप गाय को आधा किलो खली भी दे सकते हैं. जिससे उसका उत्पादन बेहतर रहेगा.

इसके अलावा एक और चीज आपको देनी होगी. वह है गेहूं का चोकर है. हर दिन पशु को 2 किलो गेहूं का चोकर भी खिलाना होगा.

निष्कर्ष
अगर आप पशु को ऊपर बताई गई तमाम सामग्रियों को खिलाते हैं तो इससे पशु का दूध उत्पादन कम नहीं होगा. आप उन्हें कुछ और चीज भी एक्सपर्ट की सलाह पर खिला सकते हैं. जिससे उसका दूध उत्पादन भी बढ़ सकता है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

According to FSSAI, Mobile Food Testing Laboratory (MFTL), also known as “Food Safety on wheels” (FSW), play a crucial role in expanding food testing, training, and awareness programs, particularly in villages, towns, and remote areas.
डेयरी

Milk Production: दूध उत्पादन बढ़ाना चाहते हैं तो पशु को इस तरह से चारा देना शुरू करें

नई दिल्ली. डेयरी फार्मिंग में ये बेहद ही जरूरी होता है कि...

डेयरी

Dairy: ‘भारत-जापान CBG पहल के जरिए एक हजार CBG और जैविक खाद प्लांट लगाने में मिलेगी मदद’

नई दिल्ली. भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और जापान की प्रधानमंत्री सनाए...

डेयरी

Dairy Sector: असम में डेयरी सेक्टर को मजबूत होगा, सरकार ने एनडीडीबी को दी जिम्मेदारी

नई दिल्ली. असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा ने मत्स्य पालन,...

सीता नगर के पास 515 एकड़ जमीन में यह बड़ी गौशाला बनाई जा रही है. यहां बीस हजार गायों को रखने की व्यवस्था होगी. निराश्रित गोवंश की समस्या सभी जिलों में है इसको दूर करने के प्रयास किया जा रहे हैं.
डेयरी

Animal Husbandry: संतुलित आहार घर पर ही बनाएं, सेहत अच्छी रहेगी और दूध उत्पादन बेहतर होगा

नई दिल्ली. पशुपालन में पशुओं की अच्छी खुराक बेहद जरूरी होती है....