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Goat Farming: बड़े से बड़े फार्म में इस तरीके को अपनाकर बेहद आसानी से बकरियों को पिलाया जा सकता है पानी

बकरियों के लिए डिजाइन किया गया पानी पीने बर्तन.

नई दिल्ली. गर्मी का मौसम आ चुका है. ऐसे में जानवरों को पानी की ज्यादा जरूरत पड़ती है. चाहे वह गाय हो या फिर भैंस या बकरी. अगर आप इनमें से किसी भी जानवर को पाल रहे हैं तो उन्हें पर्याप्त मात्रा में ताजा, ठंडा और साफ सुथरा पानी देना पड़ता है. अगर जानवरों के शरीर में पानी की कमी हो जाती है तो इससे उनका दूध उत्पादन कम हो जाता है. वहीं जब शरीर में पानी बेहद ही कम हो जाता है, तब जानवर डिहाइड्रेशन के शिकार हो जाते हैं. कई बार तो उनकी मौत भी हो जाती है. इसलिए जानवरों को पर्याप्त मात्रा में पानी देना बेहद ही जरूरी काम है.

जिन पशुपालक भाइयों के पास छोटे फार्म हैं और जानवरों की संख्या कम है वो तो पानी की व्यवस्था जानवरों के लिए कर लेते हैं लेकिन जिनके पास बड़े फॉर्म हैं और जानवरों की संख्या ज्यादा है तो उनके लिए पानी की व्यवस्था बनाना थोड़ा मुश्किल होता है, लेकिन हम यहां पर आपको एक ऐसा तरीका बताने जा रहे हैं, जिससे आप सभी जानवरों को आसानी से और एक बार में पानी पिला सकते हैं तो आईए जानते हैं वह तरीका क्या है.

इस तरह से डिजाइन कराएं पानी का टैंक
मान लीजिए कि आपका फॉर्म में 500 बकरियां हैं तो उन्हें एक साथ पानी पिलाने के लिए आपको एक 2000 लीटर का टैंक लगाना होगा और उसे टैंक के बराबर में एक सीमेंटेड टैंक और बनाना होगा. जिसकी क्षमता भी तकरीबन 1000 लीटर या फिर 500 लीटर होगी. इस टैंक के बराबर में आपके पूरे फॉर्म में पाइप बिछाना होगा और हर जगह पर पाइप का एक नोजल देना होगा. जहां पर पाइप की मदद बर्तन में पानी जमा हो जाएगा और इसकी मदद से बकरियां पानी पी लेंगी. इस बर्तन में आप जब पानी भरना चाहेंगे तो नोजल को खोलना होगा. जिससे अपनी खुद बहुत भर जाएगा. अच्छी बात ये है कि पानी बहेगा भी नहीं.

आसानी से बकरियां पी लेंगी पानी
अगर इस तरीके का आपने शेड में 15 से 20 जगह पर बर्तन फिट करा देते हैं तो वहां बकरियां आसानी से पानी पी लेंगी. एक बर्तन पर आराम से 5 पांच बकरियां पानी पी लेंगी. आप चाहे तो बर्तन के साइज को बड़ा बनवा दें. जिससे संख्या बढ़ भी जाएगी. इस तरीके से आपको सभी बकरियों को बारी-बारी से पानी भी नहीं पिलाना पड़ेगा ना ही उनके लिए ज्यादा मेहनत करनी जरूरत पड़ेगी. सिर्फ नोजल को ऑन ऑफ करना होगा. जिससे बकरियां साफ-सुथरा ताजा पानी पी लेंगी. जबकि उनके शरीर में पानी की कमी भी नहीं होगी.

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