Home मछली पालन Guppy Fish: एक्वेरियम के लिए कौन सी मछली अच्छी है? जानें यहां
मछली पालन

Guppy Fish: एक्वेरियम के लिए कौन सी मछली अच्छी है? जानें यहां

गप्पी एक मजबूत, रंगीन, छोटी मछली है जो शुरुआती लोगों के लिए एकदम सही है.
गप्पी.

नई दिल्ली. घर को सजाने के लिए और सबसे अलग दिखाने के लिए कई तरह की सजावटी चीजें उपयोग की जाती हैं. हर कोई चाहता है कि उसका घर कुछ अलग दिखे. कुछ लोग इनडोर पौधे, पेंटिंग और सीनरी लगाते हैं. आजकल इसी कड़ी में एक्वेरियम भी शामिल है. अगर बात करें फिश एक्वेरियम की तो यह घर की खूबसूरती बढ़ाने के साथ सुकून भी देते हैं. फिश एक्वेरियम में तैरती रंग-बिरंगी मछलियां बहुत ही सुंदर दिखती हैं और दिन भर की थकान मिटाने में हेल्प करती हैं. फिश एक्वेरियम एक छोटा-सा आर्टिफिशियल टैंक होता है, जिसमें रंगीन मछलियों को रखा जाता है. आप अपने घर के एक्वेरियम में कौनी सी मछली रख सकते हैं, आइये जानते हैं. फिश एक्वेरियम की एक ऐसी मछली के बारे में जो बेहद अच्छी होती है. ये है गप्पी फिश.

अगर आप एक छोटा सा गोलाकार एक्वेरियम खरीद रहे हैं, तो आमतौर पर उसमें छोटी-सुनहरी मछली रखी जा सकती हैं. बेहतर ये होगा कि आप उसमें बड़ी मछली ना रखें. वैसे अगर आप बड़ा एक्वेरियम खरीद रहे हैं, तो इसमें आप अपनी पसंद के अनुसार तरह-तरह की मछलियां रख सकती हैं. मछलियों में गप्पी मछली बेहद प्र​चलित है.

गप्पी जल्दी से प्रजनन करती है: गप्पी एक मजबूत, रंगीन, छोटी मछली है जो शुरुआती लोगों के लिए एकदम सही है. उनकी देखभाल करना आसान है और उन्हें छोटे टैंकों में रखा जा सकता है. गप्पी जल्दी से प्रजनन करती है. गप्पी को उपचारित मीठे पानी की आवश्यकता होती है जिसमें क्लोरीन न हो. गप्पी को 22.2-26.1 °C (72-79 °F) के आसपास के पानी का तापमान पसंद होता है. गप्पी को अपने टैंक में उपयुक्त सब्सट्रेट रखने से भी लाभ होता है, जैसे कि छोटे पत्थर या रेत. गप्पी के टैंक में पौधे रखने से उन्हें छिपने और उनके प्राकृतिक व्यवहार का प्रदर्शन करने के लिए जगह मिल जाती है.

गप्पी को चाहिए अच्छा फीड: गप्पी को उच्च गुणवत्ता वाले भोजन की जरूरत होती है. जैसे कि फ्लैक्स या पेलेट्स. उन्हें सप्ताह में दो बार ट्रीट के रूप में जमे हुए या जीवित ब्लडवर्म, माइसिस श्रिम्प और ब्राइन श्रिम्प भी दिए जा सकते हैं. गप्पी शांत मछली हैं और अन्य शांतिपूर्ण मछलियों के साथ रह सकती है. गप्पी जीवित प्रजनन करने वाली मछली हैं, ये अंडे देने के बजाय बच्चों को जन्म देती हैं. एक हेल्दी मादा गप्पी 18 से 40 तक बच्चे पैदा कर सकती है. गप्पी के बच्चे 24 घंटे या उससे अधिक समय में कई समूहों में बाहर आ सकते हैं. यदि आप गप्पी के प्रजनन की योजना बनाते हैं, तो आपको एक अलग ब्रीडिंग टैंक या मछलीघर की आवश्यकता होगी ताकि आप बच्चों को अन्य मछलियों से अलग कर सकें.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

Under Pradhan Mantri Matsya Sampada Yojana (PMMSY) and Fisheries and Aquaculture Infrastructure Development Fund (FIDF) the Department of Fisheries has approved the development of post-harvest interface viz- cold storage, fish processing and Marketing infrastructure.
मछली पालन

Fish Farming: बिहार में मछलियों की ब्रांडिंग करने की है तैयारी, मछली किसानों को मिलेगा फायदा

नई दिल्ली. बिहार मछली उत्पादन के मामले में आगे बढ़ रहा है....

मछली पालनसरकारी स्की‍म

Fish Farming Scheme: बिना टेंशन करिए मछली पालन, नुकसान होगा तो सरकार करेगी मदद

नई दिल्ली. बाढ़, चक्रवात, जल प्रदूषण और अन्य प्राकृतिक आपदाओं के कारण...

Deep Sea fishing vessels, Ice Plants, Livelihood & Nutritional Support have been implemented in Kakinada District.
मछली पालन

Fish Farming: अगले 5 वर्षों में तीन करोड़ टन मछली उत्पादन का लक्ष्य

नई दिल्ली. भारत ने अंतर्देशीय लघु मत्स्य पालन के लिए एक अलग...

मछली पालन

Fish Farming: जयंती रोहू और अमृत कतला मछली पालकर कम वक्त में ज्यादा कमाई का मिलता है मौका

नई दिल्ली. मछली पालन एक बेहतरीन काम है और इसको करके अच्छी...