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Fish Farming: तालाब में एक दिन पहले डाला है बीज तो यहां पढ़ें क्या है फीड डालने का सही तरीका

मछली के तालाब में चूना पोषक तत्व होता है, ये कैल्शियम उपलब्ध कराने के साथ जल की अम्लीयता को कंट्रोल करता है.
मछली का तालाब.

नई दिल्ली. जब कोई मछली पालक पहली बार फिश फार्मिंग करता है तो उसे कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है. क्योंकि उसे ज्यादा आईडिया नहीं होता है कि कैसे वो मछलियों को पाले कि उसे ज्यादा मुनाफा मिले. खासतौर पर जब तालाब में पहली बार बीज को डाला जाता है और फीड देने का समय आता है तो कुछ पता ही नहीं होता है कि फीड किस तरह से दिया जाए. क्या तरीका अपनाया जाए कि सभी मछलियों तक फीड पहुंच जाए. क्योंकि अक्सर तालाब में जब फीड डाला जाता है तो मछलियों के बच्चे फीड खाने के लिए नहीं आते हैं. इससे उनकी ग्रोथ पर असर पड़ता है.

ऐसे में बेहद जरूरी हो जाता है कि मछलियों को कैसे फीड की तरफ अट्रैक्ट किया जाए. इस आर्टिकल में हम आपको यही बताएंगे कि मछलियों को कैसे फीड दिया जाए. ताकि उनकी बड़वार अच्छी हो. क्योंकि जब मछलियां फीड नहीं खाएंगी तो उनकी ग्रोथ अच्छी नहीं होगी.

फीड डालने से पहले करें ये काम
मान लीजिए कि अपने नए तालाब में एक दिन पहले ही जीरा मछली को डाला है तो उसके बाद फीड दिया जाता है. अगर मछलियां फीड देने के बावजूद खाने के लिए न आएं तो ऐसा में घबराने की जरूरत नहीं है. इसके लिए तालाब में सबसे पहले पोटैशियम परमैग्नेट डालिए. उसके 2 से 3 घंटे के बाद तालाब के अंदर नमक डालना चाहिए. नमक डालने से मछलियों में स्ट्रेस खत्म हो जाता है. इसके बाद उसमें फीड भी डाला जाता है, तो फीड की तरफ मछलियां अट्रैक्ट होती हैं.

फीड न मिलने से होता है ये नुकसान
बहुत से फार्मर ऐसा करते हैं कि एक ही जगह पर फीड को डाल देते हैं. जबकि पहली बार ऐसा नहीं करना चाहिए. अगर आप पहली बार में ऐसा करेंगे तो कुछ मछलियां फीड खा लेंगी. कुछ नहीं खाएंगी. इस वजह से कुछ मछलियां छोटी रह जाएंगी. जबकि कुछ मछली बड़ी हो जाएंगी. कुछ मछली 1000 ग्राम की तो कुछ 1200 ग्राम की हो जाएंगी. जबकि कुछ मछलियां 400 या 500 ग्राम की रह जाएंगी. इसका मतलब ये है कि कुछ मछली छोटी रह जाएगी. इससे आपको नुकसान होगा. कुछ भोजन न मिलने से मर भी सकती हैं.

इस तरह तालाब में डालें फीड
इसके लिए तालाब के चारों ओर फीड डालना चाहिए, तभी मछलियों को जरूरी भोजन मिल जाएगा. सिर्फ एक तरफ डालने से बचें. इसके लिए तालाब का एक हिस्सा चुन लीजिए. वहां से दाना डालना शुरू करिए और तालाब के चारों तरफ थोड़ा-थोड़ा फीड डाल दीजिए. ऐसा इसलिए करते हैं कि जो मछलियां तालाब में हम डालते हैं, वह कहीं और रहती हैं. फिर उन्हें हम दूसरी जगह पर लाते हैं तो उनका घर बदल जाता है. इससे वो इधर-उधर भटकती रहती हैं. इस वजह से उन्हें हर तरफ फीड डालना पड़ता है. ताकि सभी को फीड मिल जाए.

Written by
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