नई दिल्ली. हरियाणा के कुरुक्षेत्र में इस साल 6 से 8 फरवरी के बीच 41वीं राज्य स्तरीय तीन दिवसीय पशु प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा. इस पशु प्रदर्शनी में अलग-अलग किस्मों के करीब 1500 पशु आएंगे. वहीं इस कार्यक्रम को लेकर तैयारी जोर—शोर से चल रही है. पशुपालन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर रविंद्र सहरावत की मानें तो 50 हजार से ज्यादा पशुपालकों के इस पशु प्रदर्शनी में पहुंचने का अनुमान है. पशुपालकों को किसी तरह की दिक्कत न आए, इसके लिए पशुपालन विभाग ने 600 रोडवेज बसों का इंतजाम कराया है. जिससे उनका सफर आसान हो जाएगा.
वहीं पशुपालन एवं डेयरी विभाग के डीजी ने राज्य में विभाग के डिप्टी डायरेक्टरों को तैयारी सही ढंग से समय पर करने के निर्देश दिए हैं. विभाग के निदेशक डॉ. सुरेंदर सिंह दुहन ने बताया कि पशुओं के चयन के लिए हर जिले में तीन सर्जनों की एक टीम बनाई जाएंगी. अच्छी ब्रीड के पशुओं को चयनित करेगी. टीम द्वारा चयनित पशुओं को प्रदर्शनी में जाने की इजाजत मिलेगी.
53 किस्म के पशु होंगे शामिल
बता दें कि चयनित पशुओं के कानों पर एक 12 डिजिट का नंबर लगाया जाएगा. हर जिले में विभाग द्वारा अलग-अलग कैटेगरी के पशुओं को लिस्ट तैयार की जा रही है.
प्रदर्शनी में शामिल होने वाले पशुओं का विभाग द्वारा रजिस्ट्रेशन किया जाएगा. पशुओं को 12 अंकों का एक टैग दिया जाएगा. इसी से एंट्री मिलेगी.
पशुपालकों को अपने साथ आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक पासबुक की कॉपी और परिवार पहचान पत्र भी साथ लाना होगा.
प्रदर्शनी में हर दिन अलग-अलग जिलों से 200 बसें तीन दिन में 600 बसें चलेंगी. जिलों के पशुपालन विभाग के अधिकारियों को जिम्मा सौंपा गया है.
प्रदर्शनी में 53 कैटेगरी के पशु शामिल किए जाएंगे. इसमें 7 कैटेगरी की भैंस, 23 कैटेगरी की गाय और सांड, 7 कैटेगरी के घोड़े और गधे, दो कैटेगरी के ऊंट, 8 कैटेगरी की भेड़, 6 कैटेगरी की बकरी और सूअर शामिल हैं.
प्रदर्शनी में पशुओं को लाने ले जाने के लिए दूरी के हिसाब से पशुपालकों को मानदेय परिवहन का खर्च दिया जाएगा.
कहां से कितने पशु और बसें जाएंगे
पशु मेले में अंबाला से 25 पशु, 24 बसें, भिवानी से 80 पशु, 30 बसें, चरखी दादरी से 60 पशु, 24 बसें, फरीदाबाद से 20 पशु, 15 बसें, फतेहाबाद से 40 पशु, 30 बसें, गुरुग्राम से 20 पशु, 15 बसें, हिसार से 130 पशु, 39 बसें, झज्जर से 120 पशु बसें, और जिंद से 130 पशु और 33 बसें जाएंगे.
इसी तरीके से कैथल से 100 पशु, 30 बसें, करनाल से 120 पशु, 30 बसें, कुरुक्षेत्र से 120 पशु, 60 बसें, महेंद्रगढ़ से 40 पशु, 9 बसें, 20 नूहं 20 पशु, 15 बसें, पलवल से 20 पशु, 15 बसें, पंचकूला से 25 पशु, 15 बसें, पानीपत से 80 पशु, 15 बसें, रेवाड़ी से 60 पशु, 30 बसें, सिरसा से 50 पशु, 15 बसें, सोनीपत से 70 पशु 15 बसें और यमुनानगर से 50 पशु और 60 बसे जाएंगे.











