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Poultry: इस वजह से मुर्गियों के प्रोडक्शन पर पड़ता है असर, ज्यादा उत्पादन के लिए फार्म में करें ये व्यवस्था

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पोल्ट्री फॉर्म में चूजे. live stock animal news

नई दिल्ली. पशुओं के लिए आवास की बहुत जरूरत होती है. बेहतर आवास व्यवस्था के कारण पशु ज्यादा उत्पादन करते हैं. इसी तरह का मामला मुर्गियों के भी साथ है. अगर मुर्गियों का बेहतर ढंग से पालन किया जाए और उनकी जरूरत के मुताबिक मुर्गी फार्म बनाया जाए तो फिर ग्रोथ और उत्पादन पर इसका असर पड़ता है और अच्छा प्रोडक्शन मिलता है. ये प्रोडक्शन चाहे अंडों को लेकर हो या फिर मीट को लेकर हो. कोई भी पोल्ट्री फार्मर चाहेगा कि उसे ज्यादा से ज्यादा ग्रोथ हासिल. क्योंकि यही पोल्ट्री फार्मिंग में कमाई कराता है.

ज्यादातर किसान घर आंगन में मुर्गीपालन करते हुए मुर्गियों के लिये उचित आवास व्यवस्था का प्रबन्ध नहीं करते हैं. दिन में मुर्गियों को खेतों में छोड़ दिया जाता है और रात में सुरक्षा के लिये उन्हें पेड़ों पर चढ़ा दिया जाता है या छोटे से दड़बों में बंद कर दिया जाता है. जरूरी पोल्ट्री फार्म नहीं होने से मुर्गियों के उत्पादन क्षमता पर बुरा असर डालता है. तथा साथ ही उनमें मृत्यु दर भी ज्यादा होती है. मुर्गियों का दड़बा बनाते समय यहां ध्यान में रखें कि आमतौर पर एक वयस्क मुर्गी को 2 से 25 वर्ग फिट की जगह की आवश्यकता होती है. अगर इससे कम रखा जाएगा तो ​मुर्गियों को रहने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है.

सूरज की रोशनी मिलना चाहिए
एक्सपर्ट का कहना है कि दड़बा जमीन से थोड़ा ऊपर ढलान वाली जगह बनाना चाहिये ताकि बरसात में अंदर पानी न भर सके. दड़बा साफ सुथरा हवादार एवं नमी रहित (सूखा) होना चाहिये. अगर नमी रहेगी तो फीड में फंगस लग जाएगा. इससे नुकसान होगा. वहीं मुर्गीघर की लम्बाई पूर्व-पश्चिम में होनी चाहिये. ताकि मुर्गियों को धूप व प्रकाश मिल सके. मुर्गियों के लिए सूरज की रोशनी मिलना भी जरूरी होती है. दड़बे में प्रकाश की व्यवस्था उचित होनी चाहिये. दड़बे की सफाई रोज करनी चाहिये तथा समय-समय पर कीटाणुनाशक दवा का छिड़काव करना चाहिये.

बिछावन कैसा हो चाहिए
20 मुर्गियों के लिये 8 फीट लम्बा, 5 फिट चौड़ा व 5 फिट ऊंचा दङ़बा बनाना चाहिये. इस दड़बे में एक दरवाजा तथा दो जाली की खिड़कियों होनी चाहिये. ताकि स्वच्छ हवा अन्दर आ सके. दड़बे में फर्श कच्चा अथवा पक्का रख सकते हैं लेकिन फर्श पर चावल की भूसी/गेहूं का भूसा/सूखी घास आदि की 3-5 सेमी बिछावन बिछाना चाहिये. इससे मुर्गियों को रहने में दिक्कत नहीं होगी. समय-समय पर इसे पलटते रहना चाहिये. जिससे बिछावन सुखा रहे. ताकि मुर्गियों को आराम मिल सके.

Written by
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