Home पशुपालन Animal Husbandry: लुवास के 67 छात्र बने वेटनरी स्पेशलिस्ट, पशुधन की सेवा के लिए ली शपथ
पशुपालन

Animal Husbandry: लुवास के 67 छात्र बने वेटनरी स्पेशलिस्ट, पशुधन की सेवा के लिए ली शपथ

livestock animal news
आथे लेते पासआउट हुए छात्र

नई दिल्ली. लाला लाजपत राय पशु-चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय (लुवास), हिसार के पशु चिकित्सा महाविद्यालय के वर्ष 2018 बैच के 67 ट्रेनिंग हासिल करने वाले स्नातक विद्यार्थियों की शपथ कराई गई. इनमें 21 छात्राएं और 46 छात्र शामिल रहे. इस अवसर पर समारोह के मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. डॉ. विनोद कुमार वर्मा ने कहा कि छात्रों की शिक्षा यहीं खत्म नहीं हुई है, बल्कि एक तरह से उनकी शिक्षा के एक दूसरे पड़ाव की शुरुआत हुई है. उन्होंने छात्र-छात्राओं से कहा कि आप लोग आगे भी अपने ज्ञान में लगातार इजाफा करते रहें और नई-नई चीजें सीखते रहें.

इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डॉ. विनोद कुमार वर्मा के अलावा आईपीवीएस निदेशक डॉ. एस पी दहिया, छात्र कल्याण निदेशक डॉ. पवन कुमार मंच पर उपस्थित रहे. कार्यक्रम की अध्यक्षता पशु चिकित्सा महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. गुलशन नारंग ने की. वहीं पासआउट हुए छात्र-छात्राओं को इंटर्नशिप कंप्लीशन सर्टिफिकेट वितरित किये गए.

नौकरी करने वाले नहीं देने वाले बने
प्रो. विनोद कुमार वर्मा ने कहा कि समय तथा स्थान के मुताबिक अपने आप को अपडेट करना भी बहुत आवश्यक है. पशु चिकित्सक आज के समाज का एक महत्त्वपूर्ण हिस्सा है व पशु-चिकित्सा एक चुनौतीपूर्ण व्यवसाय है, और नए प्रशिक्षित स्नातक विद्यार्थियों को इसे इसी परिप्रेक्ष्य में पूरा करना है. आपने इस पाठ्यक्रम में जो वैज्ञानिक ज्ञान और कौशल हासिल किया है, उसका प्रयोग समाज की उन्नति के लिए करना है और अपने कार्यस्थल पर ड्यूटी का निर्वहन ईमानदारी से करना है ताकि वे समाज को अच्छी सेवाएं दे सकें. डॉ. वर्मा ने कहा की हमारा व्यवसाय भारतीय अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है और हमें चाहिए कि हम उद्यमिता की तरफ ध्यान दे और नौकरी तलाशने वाले न बनकर नौकरी देने वाले बने, जिस के लिए आप स्टार्टअप के तौर पर दुग्ध एवं मांस प्रसंस्करण संयंत्र, पशु चिकित्सा निदान प्रयोगशालाएँ, ऑनलाइन पशु उत्पाद/ पशु बाजार जैसे कई अन्य व्यवसाय शुरू कर सकते हैं.

लुवास से एक्सपर्ट बनकर निकल रहे हैं छात्र
लुवास कुलपति ने उपस्थित अधिकारियों, विभागाध्यक्षों, फैकल्टी सदस्यों, शपथ लेने वाले पशु चिकित्सक छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि आप सब बधाई के पात्र हैं. क्योंकि आप सब की अथक मेहनत के कारण ही हम ये आज का समारोह मना रहे हैं. लुवास परिवार की कड़ी मेहनत से ही आप आज समाज में एक उत्तम स्थान लेने के लिए सजग है. कुलपति ने उपस्थित अभिभावकों का आभार प्रकट करते हुए कहा कि आप ने आज से साढ़े पांच वर्ष पूर्व अपने बच्चों को जिस भरोसे के साथ लुवास में प्रवेश दिलाया था, विश्वविद्यालय उस भरोसे को कायम रखते हुए ,उन बच्चों को परिपक्व पशु चिकित्सा विशेषज्ञों के रूप में लौटा रहा है.

चिकित्सकों से पशुधन की सेवा करने की अपील की
अंत में उन्होंने प्रशिक्षित छात्रों को बधाई दी व उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि आज शपथ लेने के बाद कल से आप स्वतंत्र पशु चिकित्सा करने योग्य होगे एवं समाज को अपनी सेवाएं प्रदान कर सकेंगे. पशु चिकित्सा महाविद्यालय के चीफ डॉ. गुलशन नारंग ने नव-प्रशिक्षित स्नातक छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि आने वाले समय में उन्हें एक परिपक्व पशु-चिकित्सक की तरह प्रदेश के पशुधन की सेवा करनी है जिससे कि विश्वविद्यालय का नाम रोशन हो. उन्होंने कहा की आने वाले समय में आपको समाज की अगुवाई करनी है. उम्मीद है पशु चिकित्सा की पढ़ाई खत्म होने के बाद, अब आप पशुपालकों, समाज, राज्य तथा देश की उन्नति के लिए हर संभव प्रयास करेंगे.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

Pushkar mela
पशुपालन

Animal Husbandry Tips: डिलीवरी के संकेत आने के बाद 30 मिनट के अंदर पशु देता है बच्चे को जन्म

नई दिल्ली. पशु जब ब्याने वाला होता है तो कुछ संकेत देता...

पशुपालन

Animal News: गडवासु को मिली 90.53 करोड़ रुपए की ग्रांट, यूनिवर्सिटी एलीट नेशनल रिसर्च लीग में शामिल हुई

नई दिल्ली. गुरु अंगद देव वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी, लुधियाना को...

पशुपालन

Animal News: NBAGR ने गायों की चार नस्ल को दी मान्यता, दूध उत्पादन से लेकर हर गुण में हैं खास

नई दिल्ली. नेशनल ब्यूरो ऑफ एनिमल जेनेटिक रिसोर्सेज (NBAGR) ने कई पशुओं...

गर्मियों में पशु बहुत जल्द बीमार होते हैं. अगर ठीक से इनकी देखरेख कर ली जाए तो हम पशुओं को बीमार होने से बचा सकते हैं.
पशुपालन

Animal News: डेयरी फार्म में नमी और धुएं से पशुओं को हो सकता है फेफड़ों का संक्रमण

नई दिल्ली. पशुओं को ठंड से बचाने के लिए स्थानीय मौसम पूर्वानुमान...