Home मछली पालन Fisheries: 12 इंटरग्रेटेड एक्वा पार्क को पीएमएमएसवाई के तहत मिली मंजूरी
मछली पालनसरकारी स्की‍म

Fisheries: 12 इंटरग्रेटेड एक्वा पार्क को पीएमएमएसवाई के तहत मिली मंजूरी

Interim Budget 2024
प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली. मत्स्य पालन विभाग (डीओएफ), मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय (एमओएफएएच एंड डी), भारत सरकार, प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई) के तहत एकीकृत एक्वा पार्कों को क्रियान्वित कर रहा है, जिसका उद्देश्य इन्हें मत्स्य पालन और जलीय कृषि मूल्य श्रृंखला में विभिन्न मत्स्य पालन गतिविधियों के केंद्र के रूप में विकसित करना है, जो विशिष्ट विषयों पर स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप एंड-टू-एंड समाधान प्रदान करते हैं. पीएमएमएसवाई के तहत, डीओएफ ने कुल 713.80 करोड़ रुपए की लागत से बारह एकीकृत एक्वा पार्कों की स्थापना को मंजूरी दी है. आंध्र प्रदेश सरकार द्वारा एक एकीकृत एक्वा पार्क की स्थापना के लिए प्रस्तुत प्रस्ताव को 88.08 करोड़ की लागत से मंजूरी दी गई है, जिसमें सीफूड प्रोसेसिंग पार्क, झींगा, समुद्री फिनफिश, केकड़ा, समुद्री शैवाल और शोभाकार मछली सहित कई विषयगत घटक शामिल हैं.

एकीकृत एक्वा पार्क पीएमएमएसवाई के केंद्र प्रायोजित योजना (सीएसएस) घटक के तहत एक गैर-लाभार्थी उन्मुख गतिविधि है. पीएमएमएसवाई दिशानिर्देशों के अनुसार, राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा क्रियान्वित गैर-लाभार्थी उन्मुख गतिविधियों की परियोजना लागत निर्धारित वित्तपोषण पैटर्न के अनुसार केंद्र और राज्य/केंद्र शासित प्रदेशों के बीच साझा की जाती है.

90 फीसद हिस्सेदारी केंद्र की होगी
पूर्वोत्तर और हिमालयी राज्यों के लिए, लागत 90 प्रतिशत केंद्रीय हिस्सेदारी और 10 प्रतिशत राज्य हिस्सेदारी के अनुपात में साझा की जाती है.

अन्य राज्यों के लिए, लागत-साझाकरण अनुपात 60 प्रतिशत केंद्रीय हिस्सेदारी और 40 प्रतिशत राज्य हिस्सेदारी है.

विधानमंडल के साथ और बिना, दोनों प्रकार के केंद्र शासित प्रदेशों के मामले में, संपूर्ण परियोजना लागत केंद्र सरकार द्वारा वहन की जाती है.

मत्स्य पालन विभाग, मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय, भारत सरकार ने पीएमएमएसवाई और विभाग की अन्य योजनाओं के तहत मत्स्य पालन और जलीय कृषि क्षेत्र में प्रसंस्करण क्षमता, ब्रांडिंग और निर्यात-उन्मुख विनिर्माण को बढ़ाने के लिए कई उपाय किए हैं.

इनमें क्षेत्र-विशिष्ट मूल्यवर्धन और प्रसंस्करण गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए 34 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 34 उत्पादन और प्रसंस्करण समूहों की अधिसूचना.

लैंडिंग, हैंडलिंग और प्राथमिक प्रसंस्करण बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 11 नए मत्स्य पालन बंदरगाहों के निर्माण और 11 मौजूदा मत्स्य पालन बंदरगाहों के आधुनिकीकरण/उन्नयन की मंजूरी.

स्वच्छ मछली प्रबंधन में सुधार और कटाई-पश्चात नुकसान को कम करने के लिए 23 आधुनिक फिश लैंडिंग केंद्रों की मंजूरी.

टिकाऊ समुद्री मत्स्य पालन का समर्थन करने और प्रसंस्करण के लिए कच्चे माल की उपलब्धता बढ़ाने हेतु 284 गहरे समुद्र में मछली पकड़ने वाले जहाजों की मंजूरी.

विविधीकरण, ब्रांडिंग और निर्यात-उन्मुख सीफूड विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए 121 मूल्यवर्धित उद्यम इकाइयों का समर्थन.

प्रसंस्करण, पैकेजिंग, ब्रांडिंग और निर्यात सुविधा सहित एंड-टू-एंड जलीय कृषि मूल्य श्रृंखला गतिविधियों के केंद्र के रूप में परिकल्पित 12 एकीकृत एक्वा पार्कों की स्थापना.

इसके अतिरिक्त, मत्स्य पालन और जलीय कृषि बुनियादी ढांचा विकास कोष (एफआईडीएफ) के तहत, निजी कंपनियों और उद्यमियों के लिए निर्यात-संवर्धन संबंधी मत्स्य पालन बुनियादी ढांचे, विशेष रूप से आधुनिक मछली प्रसंस्करण संयंत्रों, कोल्ड-चेन सुविधाओं और मूल्यवर्धन इकाइयों के निर्माण और विस्तार हेतु 18 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

गर्मी में भी मछली के तालाबों में पानी का स्तर लगभग 6 फीट रखा जाना चाहिए. इससे निचले हिस्से में पानी का तापमान उपयुक्त रहता है.
मछली पालनसरकारी स्की‍म

Fish Farming: आंध्र प्रदेश सरकार ने एक साल में ढाई लाख से ज्यादा मछुआरों को दिया बीमा कवरेज

नई दिल्ली. मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय के मत्स्य विभाग द्वारा...

fishermen
मछली पालनसरकारी स्की‍म

PMMSY: समुद्री और अंतर्देशीय मछुआरों का सरकार करती है बीमा, मिलती बड़ी मदद

नई दिल्ली. केंद्र सरकार का मत्स्य विभाग, प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई)...

Fisheries,Fish Farming, Fish Farming Centre, CMFRI
मछली पालन

Fisheries Sector: मछली पालन को बढ़ावा देने के लिए हजारों करोड़ खर्च कर रही है सरकार

नई दिल्ली. मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय के मत्स्य विभाग ने...

पशुपालनसरकारी स्की‍म

FMD: एक कॉल पर घर आएगी पशुपालन विभाग की टीम, मुफ्त में लगाएगी FMD की वैक्सीन

नई दिल्ली. पशुओं में खुरपका-मुंहपका यानि FMD की बीमारी बेहद ही खतरनाक...