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Animal News: पशुओं की मौत पर सरकार दे रही है आर्थिक मदद, सुरक्षा की मिल रही गारंटी

दुधारू पशुओं के बयाने के संकेत में सामान्यतया गर्भनाल या जेर का निष्कासन ब्याने के तीन से 8 घंटे बाद हो जाता है.
गाय-भैंस की प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली. पशुपालन में पशुपालक के सामने तब बड़ा संकट खड़ हो जाता है जब पशु की मौत हो जाती है. क्योंकि एक झटके में पशुपालकों को लाखों का नुकसान हो जाता है. उत्पादन कम हो या पशु बीमार पड़े तो नुकसान इससे भी होता है लेकिन पशुपालक इसे सह लेते हैं लेकिन जब पशु की मौत हो जाती है तो पशुपालक की कमर ही टूट जाती है. जिससे पशुपालन का काम भी बंद करना पड़ जाता है. हालांकि सरकार की तरफ से पशुपालकों को मदद भी जाती है. ताकि ऐसी स्थिति में वो पशुपालन में नुकसान की भरपाई कर सकें.

सरकार की तरफ से पंडित दीनदयाल उपाध्याय सामूहिक पशुधन बीमा योजना चलाई जा रही है. जिसके तहत आपके पशु की सुरक्षा की गारंटी मिलती है और आपके भविष्य को मजबूती भी मिलती है. असल में इस योजना के तहत दुधारू गाय और भैंस की मृत्यु पर सरकार की तरफ से आर्थिक मदद दी जाती है.

आर्थिक सुरक्षा के तहत क्या-क्या कवर होगा?

सामान्य मृत्यु (बीमारी, सर्वदंश आदि)

21 दिन बाद से कवर

दुर्घटना मृत्यु (वाहन दुर्घटना, करंट, प्राकृतिक आपदा)

बीमा के तुरंत बाद से कवर

आर्थिक सहायता आपके पशु की मृत्यु पर बीमा राशि का भुगतान

दुधारू गाय (Milch Cow)

आयु सीमा

2 से 10 वर्ष

अधिकतम बीमा राशि

40 हजार रुपए से लेकर 90 हजार रुपए तक मिलती है.

दुधारू भैंस पर कितनी मदद

आयु सीमा

3 से 12 वर्ष

अधिकतम बीमा राशि

1 लाख रुपए तक की मदद

प्रीमियम कैसे लगेगा?
60 हजार रुपए तक के कुल प्रीमियम का सिर्फ 15 फीसद किसान देगा.

60 हजार रुपए से ऊपर अधिक राशि पर पूरा 2.78 फीसद प्रीमियम लगेगा.

उदाहरण समझें तो 1 बीमा राशि = ₹60,000

कुल प्रीमियम (2.78%) यानि 1,668 रुपए

दूसरे उदाहरण की बात करें तो बीमा राशि = 80 हजार रुपए

60,000 तक कुल प्रीमियम पर 1,668 किसान देगा 15 फीसद 250 रुपए

₹20,000 अतिरिल्व पर पूरा प्रीमियम (2.78%) = ₹556

आपका खर्च 250 रुपए

कुल आपको देना है 806 रुपए

जरूरी बातें यहां भी जानें
इस योजना में पशु की सामान्य मृत्यु एवं दुर्घटना मृत्यु दोनों का कवरेज शामिल है.

बीमा होने के बाद पहले 21 दिनों तक केवल दुर्घटना मृत्यु (जैसे बाहन से टकराना, बिजली का करंट, प्राकृतिक आपदा) ही कवर होगा.

बीमारी, सर्वदंश या सामान्य मृत्यु का कवरेज 21 दिन बाद शुरू होगा.

पशु की चोरी इस बीमा में शामिल नहीं है.

पशु का स्वास्थ्य प्रमाण पत्र (पशु चिकित्सक द्वारा)

इन कागजात की पड़ेगी जरूरत
परिवार पहचान पत्र (PPP) अनिवार्य है.

लाभार्थी का आधार कार्ड व फोटो देना होगा.

SARAL पोर्टल पर आवेदन अनिवार्य है.

Written by
Livestock Animal News Team

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