नई दिल्ली. मछली पालन में मछलियों की अच्छी ग्रोथ लेने के लिए फीड मैनेजमेंट पर बहुत ज्यादा काम करने की जरूरत है. फीडिंग के तरीके की बात की जाए तो बहुत से मछली पालक एक ही जगह पर मछलियों के लिए फीड डाल देते हैं. इससे कुछ मछलियां ऐसी होती हैं जो वहां पर नहीं पहुंच पाती हैं. एक्सपर्ट का कहना है कि तालाब में कुछ मछलियां कमजोर और कुछ तंदुरुस्त रहती हैं और ये सही तरह से फीड न देने की वजह से होता है. जब मछलियों को फीड नहीं मिलता है तो उनकी ग्रोथ रुक जाती है जबकि कुछ मछलियां ज्यादा फीड खा जाती हैं.
भारत सरकार के मछली पालन विभाग (Department of Fisheries, Government of India) के एक्सपर्ट ने लाइव स्टॉक एनिमल न्यूज (Livestock Animal News) को बताया कि मछलियों को फीड देते समय तालाब के अलग-अलग हिस्से का इस्तेमाल करना चाहिए. ताकि हर तरफ की मछलियों तक फीड पहुंच जाए और वह आसानी से फीड को खा लें. इस तरह से ग्रोथ भी अच्छी होगी और बाद में उत्पादन में बेहतर मिलेगा.
कैसे फीड डालें
फीड डालते वक्त जब अलग-अलग जगह का चयन करें तो हर तरफ फीड को बराबर मात्रा में डालना चाहिए. ताकि सभी मछलियों को बराबरी से फीड मिले.
फीड के प्रकार की बात की जाए तो शुरुआत में मछली के बच्चों को स्टार्टिंग फीड देना चाहिए. जिसमें प्रोटीन की मात्रा 30 से 35 फीसद होना चाहिए.
जैसे-जैसे मछलियां बड़ी होती चली जाएं उन्हें मीडियम फीड देना शुरू करें. इसके बाद में जब मछलियों ग्रोथ करने लगें तो ग्रोवर फीड देना शुरू कर दें.
यहां यह बात भी याद रखें कि अगर आपने अच्छी क्वालिटी के बच्चे लिए हैं तो उनकी ग्रोथ भी अच्छी होती है.
निष्कर्ष
एक्सपर्ट के मुताबिक मछलियों को फीड देने का जो तरीका है, यदि उस तरह से फीड दिया जाए तो फिर मछलियों की ग्रोथ बहुत अच्छी होती है. उनका वजन जल्दी से बढ़ जाता है. इससे उत्पादन भी ज्यादा होता है.












