Home पशुपालन Goat Farming: एक्सपर्ट ने बताया बकरी पालन के लिए ट्रेनिंग क्यों है जरूरी, इससे क्या होगा फायदा
पशुपालन

Goat Farming: एक्सपर्ट ने बताया बकरी पालन के लिए ट्रेनिंग क्यों है जरूरी, इससे क्या होगा फायदा

गर्मियों के मौसम में अधिक तापमान, लू, पीने के पानी तथा हरे चारे की कमी के कारण दुधारू पशुओं में दूध का उत्पादन कम हो जाता है.

नई दिल्ली. बकरी पालन एक ऐसा काम है, जिससे किसानों को अच्छी आमदनी हो सकती है. आज भी बहुत से गरीब किसान गांव में अपने घरों में बकरी पालते हैं और इससे कम ही सही लेकिन इनकम आती है. जब उन्हें ज्यादा पैसों की जरूरत होती है तो बकरी को बेचकर अपनी जरूरत को पूरी कर लेते हैं. हालांकि अब बकरी सिर्फ गरीबों की गाय नहीं रह गई है बल्कि इसका पालन बड़े पैमाने पर भी किया जा रहा है और इससे लोग लाखों करोड़ों कमा रहे हैं. एक्सपर्ट का कहना कि किसानों को बकरी पालन जरूर करना चाहिए लेकिन किसी भी काम की शुरुआत से पहले उसके बारे में जानकारी करना बेहद जरूरी है.

एक्सपर्ट की मानें तो बकरी पालन शुरू करने से पहले ट्रेनिंग ले ली जाए तो फिर बकरी पालन का काम आसान हो जाता है. कई सरकारी संस्थाएं और प्राइवेट एजेंसियां बकरी पालन की ट्रेनिंग देती हैं. जिसमें बकरी पालन से जुड़ी तमाम बारीकियों के बारे में बताया जाता है. बीमारियों से कैसे बचा जाए और और उत्पादन को कैसे बढ़ाकर कमाई की जाए, इसके बारे में जानकारी दी जाती है.

ट्रेनिंग लेना है बहुत अहम
उत्तर प्रदेश के आगरा में फतेहाबाद रोड स्थित युवान एग्रो फार्म देश का सबसे बड़ा गोट फार्म है. जहां पर 5 हजार बकरियों को पाला गया है. जब यहां के संचालक डीके सिंह से सवाल किया गया कि बकरी पालन के लिए क्या ट्रेनिंग जरूरी है? तो उन्होंने कहा कि मेरी तमाम किसान भाइयों से अपील है कि जब भी वह बकरी पालन शुरू करें तो इसके बारे में अच्छी जानकारी कर लें. उन्होंने कहा कि जब भी कोई काम शुरू किया जाता है तो उसकी ट्रेनिंग लेना, उसके बारे में पढ़ाई करना बेहद जरूरी होता है. उन्होंने बताया कि उन्होंने खुद आगरा में गोट फॉर्म शुरू करने से पहले इसकी मुकम्मल ट्रेनिंग ली और तमाम रिसर्च किया. तब जाकर बकरी पालन शुरू किया और इससे अच्छी कमाई कर रहे हैं.

गोट फार्म का दौरा जरूर करें
उन्होंने कहा कि सिर्फ ट्रेनिंग और कागजी पढ़ाई ही नहीं बल्कि कई फॉर्म का दौरा भी किसानों को करना चाहिए. वहां पर बकरी पालन कैसे किया जा रहा है, उसकी बारीकियों को समझना चाहिए. उन्होंने कहा कि बकरी पालन कोई रॉकेट साइंस नहीं है लेकिन जो छोटी-छोटी चीज हैं, सीखने की जरूरत है. बकरी पालन की प्रैक्टिकल नॉलेज बेहद जरूरी है. वहीं गोट फार्म में काम करने वाले लोग अनुभवी होने चाहिए. जिनके पास बकरी पालन का चार-पांच साल का अनुभव है, उन्हें ही फार्म में रखें.

कमाई करने का तरीका सिखाया जाएगा
डीकेे सिंह ने बताया कि युवान एग्रो फार्म भी ट्रेनिंग देने की शुरुआत इसी ही महीने से करने जा रहा है. बकरी पालकों को 5 दिन का एक कोर्स कराया जाएगा. इसमें एडवांस कमर्शियल गोट फार्मिंग के बारे में किसानों को बताया जाएगा. गोट फार्मिंग में सस्टेनेबल मॉडल को अपनाकर आप किस तरह ज्यादा पैसा कमा सकते हैं, इस चीज की यहां पर ट्रेनिंग दी जाएगी.

Written by
Livestock Animal News Team

Livestock Animal News is India’s premier livestock awareness portal dedicated to reliable and timely information.Every news article is thoroughly verified and curated by highly experienced authors and industry experts.

Related Articles

cow and buffalo farming
पशुपालन

Animal Husbandry: एफएमडी से बचाने के लिए पशुओं को घर-मुफ्त में लगेगी वैक्सीन

नई दिल्ली. बिहार के कटिहार के बरारी प्रखंड तहत स्थित प्रथम वर्गीय...

दुधारू गाय व भैंस के ब्याने व उसके बाद सतर्क रहने की आवश्यकता है.
पशुपालनसरकारी स्की‍म

Scheme: यूपी वाले बैंक से लोन लेकर शुरू कर सकते हैं पशुपालन

नई दिल्ली. यदि आप उत्तर प्रदेश के निवासी हैं और पशुपालन का...

मुर्रा को पालकर पशुपालक दूध से अपनी आमदनी बढ़ा रहे हैं.
पशुपालन

Animal News: हीट में नहीं आ रही है भैंस तो देसी उपाय आएंगे काम

नई दिल्ली. भैंस के हीट यानि मद में न आने से पशुपालकों...

गोवंश के गोबर से संरक्षण केंद्र में बड़ा प्लांट संचालित होता है, जिससे जनरेटर के माध्यम से बिजली बनाई जाती है.
पशुपालन

Cow: गाय को वक्त से लगवाएं वैक्सीन, वैक्सीनेशन कैलेंडर को फॉलो करें

नई दिल्ली. क्या आपके डेयरी फार्म में गाय है, अगर हों तो...