नई दिल्ली. राष्ट्रीय डेयरी बोर्ड NDDB और इंडियन इम्यूनोलॉजिकल्स लिमिटेड के चेयरमैन डॉ. मीनेश शाह ने न्यूजीलैंड के डार्गाविले में IIL की सब्सिडियरी प्रिस्टीन बायोलॉजिकल्स (NZ) लिमिटेड (PBNL) की 10वीं सालगिरह के जश्न में हिस्सा लिया. इस मौके पर भारत और विदेश में वैक्सीन मैन्युफैक्चरिंग में सफल ऑपरेशन और योगदान के एक दशक पूरे होने पर अहम बातें साझा कीं. डॉ. शाह ने इस दौरान वैक्सीन मैन्युफैक्चरिंग के लिए एक ग्लोबल हब के तौर पर भारत के उभरने और #आत्मनिर्भरभारत को सपोर्ट करने में प्रिस्टीन की भूमिका पर प्रकाश डाला.
उन्होंने NDDB द्वारा लागू किए गए ऑपरेशन फ्लड कार्यक्रम को याद किया, जिसने भारत को न केवल आत्मनिर्भर बनाया बल्कि दुनिया का सबसे बड़ा दूध उत्पादक भी बनाया है. उन्होंने कहा कि न्यूजीलैंड के साथ पार्टनरशिप ने पशु स्वास्थ्य, सस्टेनेबिलिटी और जेनेटिक सुधार में वैक्सीन सुरक्षा और सहयोग को मजबूत किया है.
प्रिस्टीन की भूमिका के बारे में बताया
उन्होंने किसानों की आजीविका को बेहतर बनाने और सस्टेनेबिलिटी सुनिश्चित करने के लिए राशन बैलेंसिंग, मीथेन में कमी और बायोगैस उत्पादन के माध्यम से पर्यावरण के अनुकूल डेयरी पर NDDB के फोकस पर भी जोर दिया.
डॉ. के आनंद कुमार ने प्रिस्टीन की एक दशक लंबी यात्रा पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि इस सुविधा ने भारत में लाखों पशु और मानव वैक्सीन की खुराक के उत्पादन को संभव बनाया है, जिससे अनगिनत लोगों की जान बची है.
उन्होंने सिल्वर फर्न फार्म्स की महत्वपूर्ण पार्टनरशिप के लिए भी उनका आभार व्यक्त किया.
इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर न्यूजीलैंड सरकार के बायोसिक्योरिटी, पर्यावरण और कृषि के एसोसिएट मंत्री श्री एंड्रयू हॉगार्ड, डार्गाविले के मेयर माननीय जोनाथन लार्सन आदि मौजूद रहे.
इस मौके पर एंड्रयू हॉगार्ड ने प्रिस्टीन की तारीफ करते हुए कहा कि यह हाई-क्वालिटी बोवाइन सीरम के एक भरोसेमंद प्रोड्यूसर के तौर पर उभरा है.
कहा कि इसने दिखाया है कि साइंस पर आधारित, वैल्यू-एडेड एग्रीबिजनेस कैसे क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा दे सकता है.
उन्होंने पशु स्वास्थ्य, बायोसिक्योरिटी और सस्टेनेबल कृषि-इनोवेशन में न्यूजीलैंड-भारत सहयोग, खासकर NDDB के साथ, की मजबूत संभावनाओं पर जोर दिया.










