नई दिल्ली. मुर्गी पालन में अगर सोनाली नस्ल की मुर्गी पालते हैं तो अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं. हालांकि आप इस काम में नए हैं तो ये जरूर जानना चाहेंगे कि आखिर मुर्गी पालन पर कितना खर्च आता है और फीड आदि पर खर्च कितना आता है. यदि आप ये जानना चाहते हैं तो इस रिपोर्ट हम इन बातों की जानकारी देने जा रहे हैं. मान लीजिए कि आप ने अपने फार्म में 355 सोनाली मुर्गियां पाली हैं तो ये मुर्गियां एक दिन से लेकर 42 नंबर दिन तक लगभग 305 केजी दाना खाएंगी.
गौरतलब है कि सोनाली एक तेजी से बढ़ने वाली और रोग प्रतिरोधी देसी नस्ल है, जिसका पालन मांस और अंडे दोनों के लिए किया जाता है. यदि आप इस नस्ल की मुर्गियों को पालते हैं तो अंडा और मीट दोनों से कमाई कर सकते हैं. इस लिहाज से देखा जाए तो ये दोहरा फायदा देने वाली नस्ल है.
कितना फीड खाती है सोनाली मुर्गी
शुरुआत 5 केजी प्री स्टार्टर दाना खाने के लिए दिया जाता है. इसके बाद स्टार्टर फीड खाने के लिए दिया जाता है.
प्री स्टार्टर और स्टार्टर मिलाकर 40 से 42 दिन तक में ये 305 केजी दाना खाएंगी. इस दौरान उन्हें वैक्सीन भी लगानी होगी. सोनाली मुर्गियों को दो वैक्सीन लगाई जाती है.
पहले दिन इन्हें F1 वैक्सीन लगाना होता है. उसके बाद 14वें दिन आईबीडी वैक्सीन दी जाती है.
इसके अलावा इन मुर्गियों को समय-समय पर विटामिन और कैल्शियम भी दिया जाना चाहिए.
इस तरीके से पालने पर 40 दिन में ही इन मुर्गियों का वजन ठीक-ठीक बढ़ जाएगा. जबकि मुर्गी पालन में मुर्गियों का वजन बढ़ना भी जरूरी होता है.
आपको बता दें कि सोनाली मुर्गी का सही वजन उम्र और उसके नर और मादा होने पर निर्भर करता है.
औसतन, 12 सप्ताह (लगभग 3 महीने) में इनका वजन 0.8 से 1 किलोग्राम तक हो जाना चाहिए.
वहीं जो मुर्गियां तैयार हो जाती हैं तो नर का वजन 1.8 से 2.2 किलोग्राम और मादा का वजन 1.2 से 1.8 किलोग्राम के बीच सही माना जाता है.
बता दें कि इन मुर्गियों का अंडा देना का समय 24 सप्ताह के आसपास होता है. वहीं उनका वजन तब तक 1.5 से 1.6 के तक होता है.
निष्कर्ष
कुल मिलाकर कहा जाए तो सोनाली की नस्ल पोल्ट्री फार्मिंग के लिए एक अच्छी नस्ल का मानी जाती है. बहुत से पोल्ट्री फार्मर इस नस्ल की मुर्गियों को पालकर खूब कमाई कर रहे हैं. आप भी कमाई कर सकते हैं.











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