हीट में आई बकरियों की मदकाल (गर्मी) में आने के 10-12 घण्टे बाद गाभिन कराना चाहिए. अगर बकरी 24 घण्टे बाद भी गर्मी...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 31, 2025भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (IVRI) की मानें तो बकरी पालन में सबसे अहम नस्लों की जानकारी करना है कि कौन सी नस्ल...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 30, 2025ग्रामीण जनसंख्या का बहुत बड़ा भाग जो गरीब है, बकरी के दूध का उपयोग करता है. बकरी का दूध गाय व भैंस के...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 29, 2025बकरी आवास की लम्बाई जरूरत के मुताबिक रखी जा सकती है परन्तु हवादार बनाने हेतु चौड़ाई किसी भी हालत में 12 मीटर से...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 24, 2025पशुपालन निदेशालय, पशु एवं मत्स्य संसाधन पिनाग, बिहार (Directorate of Animal Husbandry, Animal and Fishery Resources, Bihar) की तरफ से वैज्ञानिक तरीके से...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 22, 2025सूखी बकरियां इस प्रकार की बकरियों को प्रतिदिन लगभग 500 ग्राम दहलनी या 1.0 किलोग्राम अदलहनी हरा चारा, 500-600 ग्राम दलहनी भूसा तथा...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 21, 2025पशुपालन निदेशालय (Directorate of Animal Husbandry) की ओर इसको लेकर एडवाइजरी जारी की गई है. इसमें बकरियों के बीमार होने के कारण और...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 16, 2025गर्भित बकरियों को ब्याने के अनुमानित समय से 7-8 दिन पहले बाड़ों के आसपास ही चराया जाना चाहिए या फिर बाड़ों में ही...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 16, 2025नीम की पत्तियां, हल्दी, गिलोय, तुलसी, लहसुन, अजवाइन आदि का इस्तेमाल करके उनका इलाज कर सकते हैं. अगर फिर भी आराम ना हो...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 15, 2025दोबारा 10-12 घंटे के गैप पर भी गाभिन कराया जाना चाहिए. गर्भ न ठहरने की स्थिति में बकरियाँ 19-21 दिन के गैप पर...
ByLivestock Animal News Teamजुलाई 15, 2025