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Meat And Egg: जानें चिकन मीट और अंडे खाने के क्या-क्या हैं फायदे, पढ़ें इन दोनों प्रोडक्ट की क्वालिटी

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प्रतीकात्मक फोटो.

नई दिल्ली. हमारे देश में घर की गतिविधियों के रूप में पोल्ट्री पालन हो रहा है. एक्सपर्ट का कहना है कि पहले हमारे पूर्वजों ने मुर्गियों को उसके मांस और अंडे की क्षमता को देखते हुए पालना शुरू किया. इंसानों के खाने में एक जरूरत तत्व के रूप में अंडों और मुर्गियों के मीट को मान्यता दी गई. इंसानों की जनसंख्या को पोषण संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए, ही पोल्ट्री फार्मिंग का काम शुरू किया गया था. पोल्ट्री फार्मिंग में अंडा और मांस उत्पादन हासिल करने के लिए पक्षियों को अच्छी तरह से संतुलित फीड, स्वास्थ्य देखभाल और आरामदेह पोल्ट्री फार्म दिया जाता रहा है.

एक्सपर्ट के मुताबिक अंडा और कुक्कुट मांस, संतुलित प्रोटीन, विटामिन ए, विटामिन ई, बी-कॉम्प्लेक्स विटामिन, आवश्यक वसीय अम्ल, आयरन, जस्ते का एक बेहतरीन सोर्स हैं, जो इंसानों की हैल्थ और ग्रोथ के लिए अति आवश्यक हैं. अंडे और ब्रॉयलर मांस से हासिल प्रोटीन की जैव उपलब्धता क्रमशः 96 फीसदी और 85 फीसदी है. जो कि इंसानों द्वारा उपभोग किये जाने वाली दालों और अन्य प्रोटीन स्रोतों के मुकाबले कहीं ज्यादा है.

33 फीसदी ​मिलता है प्रोटीन
एक अंडा या 100 ग्राम कुक्कुट मंस का उपभोग क्रमशः 7 ग्राम और 19 ग्राम संतुलित प्रोटीन उपलब्ध करता है, जो एक वयस्क व्यक्ति के लिए लगभग 12 फीसदी और 33 फीसदी प्रोटीन के आरडीए की प्राप्ति करता है. इसी प्रकार, एक अंडे का उपभोग मनुष्यों के लिए लगभग 20% से 60% आवश्यक अमीनो अम्लों जैसे मीथियोनीन, लाइसिन, थीयोनीन आदि प्रदान करता है. अंडे, रक्त, अस्थियों और माँसपेशियों के गठन के लिए आवश्यक खनिजों के समृद्ध स्रोत हैं. 100 ग्राम कुक्कुट मॉस की खपत से 100 फीसदी लाइसिन का आरडीए मिलता है जो कि मानव के लिए सबसे महत्वपूर्ण अमीनो अम्ल प्रदान करता है. इसी प्रकार, 100 ग्राम मांस लगभग 18% से 86% आवश्यक अमीनो अम्ल जैसे मीथियोनीन, ल्युसीन, थ्रीयोनीन इत्यादि प्रदान करता है.

पोल्ट्री मीट में बहुत कम होती है वसा
पोल्ट्री मीट में वसा की मात्रा अन्य पशु प्रोटीन स्रोतों जैसे बकरी के माँस, बीफ (जो लगभग 6-7% वसा वाले होते हैं) की तुलना में 1% से भी कम है. इसलिए, कुक्कुट मांस को कम वसा वाला मांस माना जाता है, जो दिल सम्बंधी (कार्डियोवास्कुलर) और अन्य सामान्य रोगों से ग्रस्त लोगों या किसी भी रोग से उबरने वाले लोगों ‌द्वारा खाया जा सकता है. अंडे की जर्दी में मौजूद फास्फोलिपिड्स, दिमाग और नर्वस सिस्टम के विकास में काफी मददगार साबित हुए हैं. खासतौर पर भ्रूण और बढ़ते बच्चों के विकास मैं. फास्फोलिपिड्स, विटामिन ई और विटामिन ए, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल रास्ते और सांस सिस्टम की श्लेष्म झिल्लियों के विकास के लिए जरूरी है. इसलिये पोल्ट्री प्रोडक्ट उपयोग से आंतों और सांस लेने वाले सिस्टम सम्बंधी रोगों की रोकथाम में मदद मिलती है. प्रचुर मात्रा में बी-कॉम्प्लेक्स विटामिन, विटामिन ए, ई और अन्य प्रतिउपचायक की उपस्थिति के कारण, कुक्कुट अंडों को मनुष्यों में तनाव तथा आयुवृद्धि की प्रक्रिया से निपटने हेतु एक अच्छा खाद्य माना जाता है.

Written by
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