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Poultry Farming: गर्मियों में कम हो सकता है अंडों का उत्पादन, दिन में कई बार ताजा ठंडा पानी पिलाएं

अंडों पर लिखी जा रही है एक्सपायरी डेट.

नई दिल्ली. अंडों के उत्पादन के लिए पोल्ट्री फार्मिंग में लेयर मुर्गियों को पाला जाता है. ये मुर्गियां फीड खाती हैं और अंडों का उत्पादन करती हैं. मार्केट में आमतौर पर जो सफेद अंडे बिकते हैं वो इन्हीं मुर्गियों के दिए गए अंडे होते हैं. ठंड में इन अंडों की डिमांड ज्यादा होती है लेकिन गर्मी में डिमांड कम हो जाती है. वहीं गर्मी के दिनों में अंडो का उत्पादन भी प्रभावित होता है. असल, में मुर्गियों को ही हीट स्ट्रेस की समस्या हो जाती है. जिसकी वजह से अंडों का उत्पादन 15 फीसद से लेकर 40 फीसद तक कम हो सकता है. ऐसे में पोल्ट्री फार्मर को इसका नुकसान उठाना पड़ सकता है.

पोल्ट्री एक्सपर्ट का कहना है कि अंडों का उत्पादन गर्मियों में प्रभावित होना स्वाभाविक बात है लेकिन इसको कम भी किया जा सकता है. अगर 15 फीसद या उससे कम अंडो का उत्पादन प्रभावित हो रहा है तो यह बहुत ज्यादा नुकसान नहीं पहुंचाएगा लेकिन अगर 40 फीसद तक उत्पादन प्रभावित होता है तो इससे पोल्ट्री फार्मिंग के बिजनेस में आपको तगड़ा नुकसान हो सकता है. इसलिए इससे बचाव करना भी जरूरी हो जाता है.

गर्मियों में मुर्गियों को नहीं लगती है भूख
आपको बता दें कि गर्मी में तनाव की वजह से मुर्गियों को भूख कम लगती है और इससे उन्हें जरूरी पोषक तत्व नहीं मिलता. नतीजे में अंडों का उत्पादन घट जाता है.

गर्मी के कारण मुर्गियां ज्यादा हांफती है, जिससे उनके शरीर में CO2 भी अधिक निकलती है.

इसके चलते भी खून में पीएच संतुलन बिगड़ जाता है और कैल्शियम का स्तर गिर जाता है. इससे अंडा उत्पादन कम होता है. जबकि इसके छिलके भी कमजोर हो जाते हैं.

अगर मुर्गियों को पीने का पानी कम दिया जाए या उन्हें गर्म पानी दिया जाए तो इससे भी अंडों का उत्पादन प्रभावित होता है.

ताकि अंडों का उत्पादन प्रभावित न हो
एक्सपर्ट कहते हैं कि अंडो का उत्पादन प्रभावित ना हो इसके लिए पोल्ट्री फार्म में कूलिंग पैड या फव्वारे आदि का इस्तेमाल करना चाहिए.

मुर्गी को दिन में कई बार ताजा ठंडा पानी उपलब्ध कराना चाहिए. सुबह शाम में ठंडे समय में फीड खिलाना चाहिए.

आप चाहें तो पानी में इलेक्ट्रोलाइट्स और विटामिन सी भी मिला सकते हैं. इससे भी अंडों का उत्पादन प्रभावित होने से बच जाएगा.

निष्कर्ष
पोल्ट्री फार्मिंग में लेयर मुर्गी का पालन अंडों के उत्पादन के लिए ही किया जाता है. यदि अंडों का उत्पादन प्रभावित होता है तो फिर इससे नुकसान होता है.

Written by
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